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ITBP भर्ती पेपर लीक: परीक्षा संचालन एजेंसी के तीन निदेशकों समेत पांच गिरफ्तार, दिल्ली पुलिस को मिली कामयाबी

Fri, 26 Sep 2025 03:20 AM IST
विजय पुंडीर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: विजय पुंडीर Updated Fri, 26 Sep 2025 03:20 AM IST
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Delhi Police arrested five accused in ITBP constable exam leak case
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया

दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने आईटीबीपी भर्ती पेपर लीक मामले में परीक्षा संचालन एजेंसी आईआईपी के तीन निदेशकों अमिताव रॉय, जयदीप गोस्वामी और शुभेंदु कुमार पॉल सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार दो अन्य आरोपियों में कंपनी का सलाहकार रोहित रॉय और मुद्रक धर्मेंद्र हैं। तीनों निदेशकों को पश्चिम बंगाल के कोलकाता और सलाहकार व मुद्रक को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया। 

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परीक्षा पेपर लीक मामला दक्षिण दिल्ली के लोधी कॉलोनी थाने में दर्ज कराया गया था। अपराध शाखा के पुलिस उपायुक्त विक्रम सिंह ने बताया कि आईटीबीपी, कमांडेंट भर्ती के कुशल कुमार ने शिकायत में बताया था कि एवरग्रीन प्लाजा, 117 बैरकपुर ट्रंक रोड, कोलकाता, पश्चिम बंगाल स्थित इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ साइकोमेट्री (आईआईपी) को निविदा प्रक्रिया के माध्यम से विभिन्न पदों के लिए लिखित परीक्षा का काम आउटसोर्स किया गया था।
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अनुबंध की शर्तों में फर्म को प्रश्नपत्रों की तैयारी और मुद्रण, ओएमआर उत्तर पुस्तिका डिजाइन और मुद्रण, लिखित परीक्षा का संचालन, ओएमआर शीट स्कैनिंग, प्रश्नपत्रों व उत्तर पुस्तिकाओं की पैकिंग व परिवहन, पूरी प्रक्रिया के दौरान उच्च स्तर की गोपनीयता बनाए रखना था। आईटीबीपी में सिपाही (ट्रेड्समैन) के पद के लिए यह परीक्षा 10 जनवरी, 2021 को सुबह 11 बजे से दोपहर 12 बजे तक 13 शहरों के 81 केंद्रों पर 46,174 उम्मीदवारों के लिए आयोजित की गई थी।
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परीक्षा शुरू होने से पहले प्रश्नपत्र व्हाट्सएप पर प्रसारित हो गया और आईटीबीपी के कुछ वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंच गया। असली पेपर से मिलान पर दोनों एक ही पाए गए। मामला की जांच अपराध शाखा कर रही थी। लंबी जांच के बाद 19 सितंबर को निदेशकों से कोलकाता में पूछताछ की। बाद में पुलिस ने तीनों निदेशक अमिताव रॉय, शुभेंदु कुमार पॉल और जयदीप गोस्वामी को गिरफ्तार कर लिया।


जांच में भूमिका आई सामने
आरोपियों से पूछताछ में पूरे रैकेट में सलाहकार और प्रिंटर की भूमिका का खुलासा हुआ। इसके बाद पुलिस ने रोहित राज और धर्मेंद्र को गिरफ्तार किया। अमिताव रॉय (61) 2015 में, जयदीप गोस्वामी (58) 2014 में और शुभेंदु कुमार पॉल वर्ष 2016 में आईआईपी में निदेशक बने थे। दिल्ली निवासी रोहित राज (38) 2020 में सलाहकार बना। दिल्ली निवासी धर्मेंद्र (38) प्रिंटर था।

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