LG vs AAP: उपराज्यपाल ने आप नेताओं को भेजा कानूनी नोटिस, छवि खराब करने और फेक न्यूज फैलाने का लगाया आरोप
आप नेताओं ने इस पर अगले 48 घंटे में जवाब देने को कहा गया है।
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उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने सोमवार को अधिवक्ता बानी दीक्षित के माध्यम से आम आदमी पार्टी व पार्टी नेता आतिशी, दुर्गेश पाठक, सौरभ भारद्वाज, संजय सिंह, जैस्मीन शाह के खिलाफ झूठे, अपमानजनक और दुर्भावनापूर्ण आरोप लगाने के मामले में कानूनी नोटिस भेजा है। नोटिस में कहा गया है कि उपराज्यपाल की छवि खराब करने के लिए फर्जी खबरें चलवाई गईं और इसका प्रचार किया गया। नोटिस भेजने के पहले भी उपराज्यपाल ने कहा था कि अगले कुछ दिनों में मुझ पर व मेरे परिवार पर निराधार व्यक्तिगत हमले किए जाते हैं तो आश्चर्य नहीं होगा।
नोटिस में देशभर में खादी की बिक्री के आंकड़े को आधार बना कर कहा गया है कि यह सोच से परे है कि 1400 करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार का आंकड़ा आम आदमी पार्टी के पास कहां से आया। उपराज्यपाल पर आरोप लगाना आम आदमी पार्टी के नेताओं की भ्रष्टाचार में संलिप्तता के साथ ही दिल्ली सरकार की विफलता को दर्शाता है। मुख्य मुद्दों से लोगों का ध्यान भटकाने के लिए उपराज्यपाल पर आरोप लगाया गया है।
कानूनी नोटिस दिल्ली सरकार की अनियमितताओं को भी उजागर किया गया है। नोटिस में प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े सभी व्यक्तियों को निर्देश देने को कहा गया है कि वे झूठे, मानहानी वाले, दुर्भावनापूर्ण और निराधार बयान फैलाने और प्रसारित करने से दूर रहें। बीते सप्ताह आप विधायक दुर्गेश पाठक ने दिल्ली विधानसभा में उपराज्यपाल पर 1400 करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार में शामिल होने का आरोप लगाया था। पाठक ने कहा था कि बतौर खादी ग्रामोद्योग आयोग अध्यक्ष रहते हुए उपराज्यपाल ने नोटबंदी के दौरान घोटाला किया था।