फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Delhi Hospital Fire Baby Care New Born Hospital Family members said parents were not allowed to meet babies

Delhi Hospital Fire: परिजन बोले- मां-बाप को शिशुओं से नहीं दिया जाता था मिलने, हर दिन मांगते 10-12 हजार रुपये

Sun, 26 May 2024 10:32 PM IST
श्याम जी. अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: श्याम जी. Updated Sun, 26 May 2024 10:32 PM IST
सार

दिल्ली के विवेक विहार स्थित बेबी केयर न्यू बॉर्न अस्पताल में मां-बाप को शिशुओं से मिलने नहीं दिया जाता था। छह हजार रुपये फीस और दवाइयों व अन्य खर्चे मिलाकर 10-12 हजार हर दिन देने पड़ रहे थे।

विज्ञापन
Delhi Hospital Fire Baby Care New Born Hospital Family members said parents were not allowed to meet babies
अस्पताल में आग - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

विवेक विहार स्थित बेबी केयर न्यू बॉर्न अस्पताल में भर्ती किए गए शिशुओं के मां-बाप को न उनके बच्चों से मिलने की इजाजत थी और न इन्हें कभी भी अस्पताल में रुकने दिया जाता था। छह हजार रुपये फीस और दवाइयों व अन्य खर्चे मिलाकर 10-12 हजार हर दिन देने पड़ रहे थे। पैसे के लिए हर दिन फोन किया जाता था। यदि किसी दिन पैसे देने में देरी हो जाती तो सीधा ये कहा जाता कि ऐसे करेंगे तो इलाज नहीं हो पाएगा।

विज्ञापन


अस्पताल में भर्ती सभी अपरिपक्व शिशु (समय से पहले जन्मे बच्चे) थे। आनंद विहार जेजे कैंप में रहने वाले मधु राजकुमार पेंटर हैं। इनकी पत्नी सुमन देवी ने 20 मई को दिलशाद गार्डन के एक निजी अस्पताल में ऑपरेशन के बाद सात महीने के अपरिपक्व शिशु को जन्म दिया। इसी दिन इन्होंने नवजात शिशु को यहां भर्ती कराया। बड़ी मुश्किल से पैसे जुटाकर हर दिन अस्पताल को पैसे दे रहे थे। 
विज्ञापन


अग्निकांड में इनका बच्चा सुरक्षित बच गया। अब ये विवेक विहार डी ब्लॉक में एनएसआईसीयू में भर्ती है। सिंह नर्सिंग होम वाले भी 15 हजार रुपये जमा कराने के लिए कह रहे हैं। अब ये कहां से पैसे भरें, कुछ समझ में नहीं आ रहा है। मां सुमन का ऑपरेशन हुआ है, इसलिए इन्हें अब तक इनके परिवार ने इस अग्निकांड के विषय में नहीं बताया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


शिव विहार के कल्लू प्रसाद की बहू ने तीन दिन पहले छह महीने की अपरिवक्व शिशु (बेबी गर्ल) को जन्म दिया था। लगातार ब्लीडिंग होने के कारण ऑपरेशन कर समय से पहले ही बच्ची का जन्म कराया गया है। अग्निकांड में बच्ची का एक हाथ आग की आंच से हल्का झुलसा है। सीने पर भी लाल चकत्ते पड़े हैं। सिंह नर्सिंग होेम के बाहर बैठे कल्लू प्रसाद ने बताया बच्ची के पिता अस्पताल के भीतर हैं। वह कहीं प्राइवेट नौकरी करते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed