अब कूड़ा स्पेशल ट्रेन करेगी दिल्ली की सफाई, सुबह होने पर सब मिलेगा चकाचक
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महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के मौके पर साफ-सफाई को बढ़ावा देने के लिए उत्तर रेलवे ने एक नया और प्रशंसनीय कदम उठाया है। 2 अक्तूबर को दिल्ली में रेलवे ने स्वच्छता के लिए एक पूरी मालगाड़ी चलाई। इस मालगाड़ी में 5 बोगियां थीं, जिसके संचालन के लिए तीन घंटे तक रेलवे ट्रैफिक भी बंद कर दिया था।
दिलचस्प बात है कि सिर्फ तीन घंटे में पांचों डिब्बे कूड़े से लबालब भर गए। उत्तर रेलवे ने दावा किया है कि वह ट्रैक की सफाई के लिए आगे भी इस तरह की कार्रवाई करता रहेगा। इसका मतलब ये है कि मालगाड़ी के रूप में आपको दिल्ली में कूड़ा स्पेशल ट्रेन आगे भी समय-समय पर चलती दिखाई देगी।
यह तो आप सबने देखा है कि रेलवे ट्रैक और उसके आसपास किस तरह से बेहिसाब कूड़ा फैला रहता है। बात अगर घनी आबादी वाले इलाकों की जाए जैसे जेजे कॉलोनी या अनधिकृत कॉलोनी, तो यहां रेलवे की पटरियों और आसपास की हालत और बिगड़ जाती है। इसी को देखते हुए 2 अक्तूबर को पहली कचरा स्पेशल ट्रेन आदर्श नगर और सब्जी मंडी के बीच चलाई गई। जिसने इन इलाकों का सारा कचरा साफ किया।
सुझाव रेल मंत्री पीयूष गोयल ने दिया था
गौरतलब है कि इस तरह के अभियान का सुझाव रेल एवं कोयला मंत्री पीयूष गोयल ने स्वच्छता पखवाड़े के दौरान दिया था। इसमें उन्होंने कहा था कि ट्रैक से कूड़ा व मलबा हटाने के लिए रात में कूड़ा स्पेशल ट्रेनें चलाई जा सकती हैं। उनका सुझाव था कि इस स्पेशल ट्रेन के जरिए ट्रैक व आसपास फैले कूड़े-मलबे को इसमें भरा जाए। इस सुझाव के बाद ही उत्तर रेलवे ने मंगलवार यानी बापू के जन्मदिन पर इस अभियान की शुरुआत की।
इसके लिए रात 11:30 बजे से सुबह 2:50 तक ट्रैफिक ब्लॉक किया गया। डीआरएम आर एन सिंह ने कहा कि यह अभियान तब तक चलता रहेगा जब तक संबंधित एमसीडी कूड़े-मलबे को हटाने के लिए बुनियादी ढांचा विकसित नहीं करती।
कैसे चला अभियान
ट्रैक की सफाई के लिए और स्पेशल ट्रेन में कूड़ा भरने के लिए 4 जेसीबी मशीनों का इस्तेमाल किया गया। यही नहीं 30 मजदूरों को भी इस काम में लगाया गया। इस दौरान 200 मीट्रिक टन यानी करीब 20 ट्रकों के बराबर कूड़ा निकाला गया जिससे स्पेशल ट्रेन की सभी बोगियां भर गईं। ट्रेन से सफाई के बाद यह कूड़ा संबंधित निगमों को भेजा दिया जाएगा।