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दिल्लीः कोरोना संक्रमित कर्मी के संपर्क में आने का बोला था झूठ, तीन सिपाही निलंबित
Fri, 01 May 2020 03:54 PM IST
पूजा त्रिपाठी
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Fri, 01 May 2020 03:54 PM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : सोशल मीडिया
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दिल्ली पुलिस के तीन सिपाहियों को छुट्टी हासिल के लिए झूठ बोलना काफी महंगा पड़ा। इनका झूठ सामने आने पर अब तीनों को सस्पेंड कर दिया गया है। दरअसल, इन तीनों ने ड्यूटी से बचने के लिए झूठ बोला था कि यह अपने एक कोविड संक्रमित सहकर्मी के संपर्क में आ गए थे।
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उनका कहना था कि इस तरह उन्हें कोरोना होने का खतरा है, ऐसे में उन्हें होम आइसोलेशन पर भेजा जाए। हालांकि जब इसकी जांच हुई तो पता चला कि तीनों ड्यूटी से बचने के लिए यह झूठ बोल रहे थे। इसके बाद दिल्ली पुलिस ने इन तीनों को सस्पेंड कर दिया।
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बता दें कि इन तीनों सिपाहियों की तैनाती शास्त्री पार्क पुलिस स्टेशन पर थी जहां एक सब-इंस्पेक्टर में कोरोना की पुष्टि 28 अप्रैल को हुई है। उनका दावा था कि तीनों संक्रमित एसआई के साथ ड्यूटी पर थे तो उन्हें होम-आइसोलेशन के लिए भेज दिया जाए।
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डिप्टी कमिश्नर(मेट्रो) हरेंद्र कुमार सिंह ने उनके इस दावे को झूठा करार दिया है और इसे घर बैठने का बहाना बताया है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के मुताबिक 57 वर्षीय पुलिसकर्मी पिछले कई दिनों से या तो घर पर था या फिर थाने में बने जांच अधिकारी के कमरे में रहता था। वह कहीं बाहर नहीं गया।
अधिकारी का कहना है कि उन्हें झूठ बोलने के बजाय या तो छुट्टी के लिए आवेदन देना चाहिए था या फिर मेडिकल रेस्ट ले लेना चाहिए था। पुलिस वैसे भी अपने स्टाफ को रोटेशन में ही ड्यूटी पर लगा रही है ताकि किसी पर अनावश्यक बोझ न पड़े।
जिस एसआई को लेकर उन्होंने झूठ बोला है उसे 21 अप्रैल को बुखार हुआ था, जिसे मेडिकल जांच के बाद घर भेज दिया गया था। 23 अप्रैल को कोरोना टेस्ट आरएमएल अस्पताल में कराया गया और 28 अप्रैल को उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई, जिसके बाद उसे सफदरजंग में भर्ती करा दिया गया है।
वहीं वो तीन अफसर जिन्होंने सच में संक्रमित डॉक्टर के साथ ड्यूटी की थी उनका लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज में परीक्षण कराया गया है जिसकी रिपोर्ट आनी है। उन्हें होम आइसोलेशन के लिए भेज दिया गया है।