दिल्ली पुलिस ने जारी किए अपराध के आंकड़े, दुष्कर्म-अपहरण-वाहन चोरी सबसे बड़ी चुनौती
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दिल्ली पुलिस ने साल 2018 के अापराधिक आंकड़े जारी कर दिए हैं उससे एक बार फिर दिल्लीवासियों की चिंता बढ़ा दी है। ये आपराधिक आंकड़े जनवरी से लेकर अक्तूबर तक के हैं। आंकड़ों के मुताबिक पिछले साल की तुलना में इस साल दुष्कर्म, फिरौती के लिए अपहरण, वाहन चोरी और जानलेवा हादसों में बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
पुलिस द्वारा पेश किए गए आंकड़े बताते हैं कि इस दौरान जघन्य अपराधों में कमी आई है। पिछले साल अक्तूबर तक जहां जघन्य अपराधों की संख्या 5410 थी, वहीं इस साल अब तक इनकी संख्या 4790 रही है। सामान्य अपराध संख्या में 8 हजार से ज्यादा की वृद्धि हो गई है। पिछले साल इनकी संख्या 190369 थी जो इस साल 198709 दर्ज की गई है।
आंकड़े बताते हैं कि आईपीसी की विभिन्न धाराओं में इस साल अब तक कुल 2,03,499 केस दर्ज हुए जबकि पिछले साल जनवरी से दिसंबर के बीच 1,95,779 केस ही दर्ज हुए थे।
दिल्ली पुलिस के आंकड़ों के अनुसार 31 अक्तूबर तक इस साल दुष्कर्म के 1846 मामले दर्ज हुए हैं जबकि इसी अवधि में पिछले साल 1829 मामले दर्ज हुए थे। अपहरण की बात करें तो पिछले साल जहां 15 मामले दर्ज हुए थे वहीं इस साल अब तक 18 मामले दर्ज हो चुके हैं। हालांकि इस दौरान हत्या के मामलों में स्थिति पहले जैसी ही बनी हुई है। इस साल इनकी संख्या 417 है जो पिछले साल 413 मामले दर्ज हुए थे।
वाहन चोरी की वारदातों की शिकायतें सिर्फ ऑनलाइन रजिस्टर होती हैं। उनकी संख्या सबसे ज्यादा है। जारी आंकड़ों के अनुसार वाहन चोरी की वारदातें शहरों में बढ़ी हैं। इनकी संख्या 38,255 दर्ज की गई है। पिछले साल इनकी संख्या 33,906 थी। वहीं जानलेवा हादसों की संख्या भी पिछले साल 1248 की तुलना में बढ़कर 1308 हो गई है।
30 सितंबर तक लिए गए अपराध के आंकड़े साफ दिखाते हैं कि ऊपर बताए गए सभी अपराध के अलावा जो भी अपराध की श्रेणियां हैं उनमें गिरावट आई है। इसे आप नीचे दी सारणी से समझ सकते हैं।
अपराध श्रेणी 2017 2018
छिनैती 7385 5726
लूट 2522 2029
डकैती 34 20
दिल्ली पुलिस का कहना है कि अपराधियों के हाथों अपना सामान गंवा देने को लूट, डकैती, छिनैती, चोरी माना जा सकता है। कोई भी वारदात जिसमें 5 या 5 से अधिक लोग शामिल हों उसे डकैती कहा जा सकता है। ठगी उस वारदात को कहेंगे जब बल का प्रयोग न हो। वहीं छिनैती में बल का प्रयोग हो सकता है।
दिल्ली पुलिस के आंकड़े बताते हैं कि अक्तूबर के 31 दिनों में 4 डकैती, 62 हत्याएं और 177 लूट की वारदातें हुईं। वहीं इस माह में 297 दुष्कर्म केस, 300 छेड़छाड़ और 692 छिनैती के केस दर्ज किए गए। 309 ठगी और घरों में चोरी के 273 मामलों के साथ ही 172 जानलेवा दुर्घटनाओं के केस भी दर्ज किए गए। अक्तूबर में ही वाहन चोरी के 4532 मामले दर्ज हुए हैं।