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हत्या कर फेंके गए शव ने पुलिस की सक्रियता की खुली पोल
ब्यूरो/अमर उजाला, गुरुग्राम
Updated Sun, 12 Feb 2017 11:41 AM IST
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तावड़ू-मोहम्मदपुर रोड पर केएमपी के निकट दोरहे गैंगरेप व हत्या के बाद शुक्रवार को एक अधेड़ उम्र व्यक्ति का हत्या कर फैंके गए शव ने मेवात पुलिस सुरक्षा की पोल खोलकर रख दी है। रोड़ पर बढ़ रहीं अपराध की बड़ी वारदातों को लेकर क्षेत्र के लोग चिंतित है। क्षेत्र के लोगों ने सुरक्षा की दूष्टि से केएमपी पुल के पास स्थाई पुलिस नाका लगाने की मांग की है।
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काबिलेगौर है की गत वर्ष 24-25 अगस्त की रात केएमपी पुल के निकट रात के समय एक परिवार के सदस्यों पर बदमाशों ने बखौफ होकर हमला कर एक दंपति की हत्या व दो युवतियों के साथ सामूहिक गैंगरेप की जधंय वारदात का अंजाम दिया था। इस घटना से क्षेत्र ही नहीं बल्कि पूरा प्रदेश को झकझोर कर रख दिया।
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उस समय आशंका जताई गई थी की वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश पुल के उपर से निकले गए थे। पुलिस सुरक्षा पर क्षेत्र के लोगों के साथ साथ राजनेता व सामाजिक संगठनों ने सवाल खड़े करते हुए इसके पीछे पुलिस की निष्क्रियता को सुरक्षा में चूक बताया था।
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हांलाकि घटना के बाद पुलिस प्रशासन ने केएमपी पुल के पर कुछ दिनों तक सुरक्षा के लिहाज से रात्रि में पुलिस तैनात की। मगर कुछ दिनों के पशचात पुलिस यहां से हट गई। हरियाणा के डीजीपी व एडीजीपी कानून व्यवस्था ने मेवात में अपने दौरे के दौरान केएमपी पर सुरक्षा बढ़ाने की बात कही थी। लेकिन इसके बाद भी पुलिस सुरक्षा नदारद है।
बढ़ रहे अपराध के कारण शाम होते ही लोगों को अब रोड़ से निकलने में डर लगाने लगा है। शुक्रवार को नंदू की ढाणी निवासी रामनिवास की हत्या के बाद लोग सुरक्षा के लिहाज से तावडू-नौंरगपुर रोड़ को अब सुरक्षा की दृष्टि से महफूज नहीं मान रहे है। बुद्विजीवी लोगों ने पुलिस प्रशासन से केएमपी पुल पर पुलिस चैक पोस्ट स्थापित करने की मांग की है। ताकि अपराध पर रोकथाम लग सके।
डिंगरहेड़ी पीड़ित परिवार के जुहरूदीन, आरिफ व फाटे का कहना है पीड़ित परिवार अपनी व आसपास सुरक्षा की मांग शुरू से करता रहा है। मगर पुलिस ने उनकी मागों पर ध्यान नहीं दिया।
शुक्रवार को नंदू की ढाणी निवासी रामनिवास की मौत के मामले से उनका कहना है की उनकी मौत से उनका कोई सरोकार नहीं है। हर तरह की जांच में वह पुलिस की मदद के लिए तैयार है। यह मात्र उनके केस को बिगाड़ने के लिए झूठा षडयंत्र रचा जा रहा है।
अधिवक्ता रमजान चौधरी का कहना है की बीते वर्ष क्षेत्र में हुई वारदात के बाद भी पुलिस ने कोई सबक नहीं लिया है। पुलिस को सुरक्षा की दृष्टि से यहां पर रात्रि गश्त बढानी चाहिए। उन्होंने कहा की डिगरहेड़ी मामले की घटना को दबाने व फैंसला करने के दबाव को लेकर कुछ लोग झूठा षड्यंत्र रच रहे है। जिसे बर्दास्त नहीं किया जायेगा।
कोग्रेसी नेता एंव पूर्व मंत्री चौधरी आफताब का कहना है कि यह डिंगरहेड़ी मामले को प्रभावित करने की बू झलक रही है। उन्होंने कहा किसी नाजायाज को फसने नहीं दिया जायेगा। उन्होंने कहा की पुलिस को बिना किसी दबाव के मामले में निष्पक्ष जांच करनी चाहिए। उन्होंने कहा की पुलिस को सुरक्षा की दृष्टि से इस रोड़ पर अपनी रात गशत बढानी चाहिए। लेकिन वह दोहरे हत्या व गैंगरेप के बाद भी मौन है।