{"_id":"5732f5144f1c1bfe269198ac","slug":"five-supervisors-suspended-during-anganbadi-inspection-in-delhi","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईसीडीएम प्रभारी बदला, एनजीओ पर जुर्माना लगाने के आदेश जारी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
आईसीडीएम प्रभारी बदला, एनजीओ पर जुर्माना लगाने के आदेश जारी
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Wed, 11 May 2016 04:39 PM IST
सार
- आईसीडीएम प्रभारी बदला, एनजीओ पर जुर्माना लगाने के आदेश जारी
- चार रसोइयों का मंत्री और उनकी टीम ने किया निरीक्षण
विज्ञापन
पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
महिला एवं बाल विकास मंत्री संदीप कुमार ने मंगलवार को दो गैर सरकारी संगठनों की तरफ से चलाए जा रहे चार आंगनबाड़ी रसोइयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण में रसोई की हालत देखकर मंत्री बहुत नाराज हुए और उन्होंने पांच रसोई सुपरवाइजरों को निलंबित करने के अलावा आईसीडीएस प्रभारी को बदलने का आदेश जारी कर दिया है।
विज्ञापन
गीता कॉलोनी, शकरपुर, गणेश नगर में आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण करने के दौरान महिला एवं बाल विकास सचिव अश्विनी कुमार, निदेशक-संजय कुमार सक्सेना, विशेष निदेशक-विनय कुमार समेत तमाम अधिकारी मंत्री के साथ थे।
विज्ञापन
निरीक्षण में पाया गया कि खाने के जो पैकेट तैयार किए गए उनमें पैकिंग व खत्म होने की तारीख नहीं लिखी थी। खाने के जिन कंटेनर का वजन किया गया, उनमें आंगनबाड़ी केंद्र पर 5-6 किलो कम मिला।
विज्ञापन
मंत्री संदीप कुमार ने कामकाज में असंतोष जाहिर करते हुए आईसीडीएस परियोजनाओं के प्रभार से अतिरिक्त निदेशक संजीव कुमार को हटा दिया है और उप निदेशक निकिता पवार को सौंप दिया है।
वहीं आशा सक्सेना, सुशीला, सुनीता जैन, दयावती, ललिता को विभागीय जांच पूरी होने तक निलंबित कर दिया है। मंत्री ने संबंधित आपूर्तिकर्ता से नुकसान का तीन गुना जुर्माना विभागों को वसूलने के निर्देश देने के साथ एक विस्तृत रिपोर्ट भी मांगी है।
मंत्री ने पूर्ण वजन के साथ पका हुआ खाना आपूर्ति करने, उपकरण में खराबी की दशा में वैकल्पिक व्यवस्था करने, जहां से रसोई चल रही है वहीं रिकॉर्ड रखने, रसोई में कच्चा भोजन प्राप्त करने और अनाज तौल कर देने की स्वतंत्र इकाई की बात भी कही है।
केन्द्र से दैनिक भोजन सामग्री प्राप्त करने और उन्हें भेजने का प्रमाणपत्र लेने, गैस चूल्हों की संख्या बढ़ाने, आगंतुक रजिस्टर रखने की सलाह भी दी है।