केजरीवाल सरकार के तीन वर्ष पूरे होने पर कांग्रेस ने शुरू किया अभियान, खोल रहे दिल्ली सरकार कर पोल
दिल्ली में आप सरकार के तीन साल पूरे होने पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने पोल खोल अभियान शुरू किया है। पार्टी ने आरोप लगाया कि तीन वर्ष के शासन में पूरी दिल्ली बीमार हो गई है।
सरकार द्वारा स्वास्थ्य जैसी गंभीर व्यवस्था को मोहल्ला क्लीनिक जैसे पायलट प्रोजेक्ट से बहुत ही अस्थिर तरीके से चला रही है। पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. एके वालिया ने कहा कि पिछले 3 वर्षों में कभी प्रदूषण अत्यधिक बढ़ने, तो कभी डेंगू, चिकनगुनिया, मलेरिया, डायरिया, स्वाइन फ्लू जैसी बीमारियों के प्रकोप से दिल्ली के लोग परेशान हैं।
संवाददाताओं से वार्ता में उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार ने स्वास्थ्य के बजट में ऐतिहासिक बढ़ोत्तरी का दावा कर अपनी पीठ थपथपाई, परंतु जमीनी हकीकत कुछ और ही है।
उन्होंने कहा कि 2014-2015 वित्त वर्ष में स्वास्थ्य को लेकर बजट आवंटन 2390 करोड़ था, जिसमें से खर्च 2124 करोड़ हुआ। 2016-17 में बजट आवंटन 3200 करोड़ था, जिसमें से 2096 करोड़ खर्च हुए। यानी 34 प्रतिशत धनराशि बिना खर्च किए रह गई।
इसी तरह 2017-18 वित्त वर्ष में स्वास्थ्य पर बजट आवंटन 2627 करोड़ रुपये था, उसमें से सितंबर 2017 तक केवल 666 करोड़ खर्च हुए। यानी 75 प्रतिशत धनराशि बिना खर्च किए बची थी।
डॉ. वालिया ने कहा ने कहा कि आप ने दिल्ली में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोलने की बात कही थी। कांग्रेस की दिल्ली सरकार ने डिस्पेंसरियों की संख्या 602 छोड़ी थी, उसे वर्तमान दिल्ली सरकार ने 2016-17 में कम करके 491 कर दिया। यानी 111 डिस्पेंसरियां बंद कर दी गईं और 24 को पॉलिक्लीनिक में बदल दिया गया।
सरकार ने 1000 मोहल्ला क्लीनिक बनाने की बात कही थी, लेकिन 3 वर्ष के कार्यकाल में केवल 162 मोहल्ला क्लीनिक बनाए गए हैं। दिल्ली में डेंगू व चिकनगुनिया के मामलों में बेहताशा वृद्धि से मासूम लोगों को जान गंवानी पड़ी है।
सरकार पीने का साफ पानी तक उपलब्ध नहीं करा पाई। इस दौरान वरिष्ठ नेता चतर सिंह, दिल्ली कांग्रेस के लीगल एवं मानव अधिकार विभाग के चेयरमेन एडवोकेट सुनील कुमार, मुख्य मीडिया कोऑर्डिनेटर मेहंदी माजिद भी मौजूद थे।