Mughal Garden: राष्ट्रपति भवन के बाद DU नॉर्थ कैंपस के मुगल गार्डन का बदला नाम, गौतम बुद्ध शताब्दी नई पहचान
विश्वविद्यालय के एक अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी। उनके मुताबिक 27 जनवरी को गार्डन का नाम बदला गया था।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राष्ट्रपति भवन स्थित मुगल गार्डन के बाद अब दिल्ली विश्वविद्यालय के नॉर्थ कैंपस के मुगल गार्डन का नाम बदलकर 'गौतम बुद्ध शताब्दी' गार्डन कर दिया गया है। विश्वविद्यालय के एक अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी। उनके मुताबिक 27 जनवरी को गार्डन का नाम बदला गया। नए नामकरण के पीछे यूनिवर्सिटी ने दिया तर्क दिया है कि इस गार्डन में मुगल डिजाइन नहीं है।
इससे पहले राष्ट्रपति भवन ने भी शनिवार को अपने प्रसिद्ध मुगल गार्डन का नाम बदलकर 'अमृत उद्यान' कर दिया था। नाम न बताने की शर्त पर विश्वविद्यालय के एक अधिकारी ने कहा कि राष्ट्रपति भवन के साथ नॉर्थ कैंपस के गार्डन का नाम परिवर्तन एक संयोग था और यह विश्वविद्यालय की अपनी उद्यान समिति के साथ लंबी चर्चा के बाद निर्णय लिया गया।
रजिस्ट्रार विकास गुप्ता ने 27 जनवरी की एक अधिसूचना में कहा दिल्ली विश्वविद्यालय के सक्षम प्राधिकारी ने इसके केंद्र में गौतम बुद्ध की प्रतिमा वाले उद्यान का नाम गौतम बुद्ध शताब्दी उद्यान के रूप में रखने की मंजूरी दे दी है। गौतम बुद्ध की प्रतिमा कम से कम 15 वर्षों से बगीचे में स्थापित है। अधिकारी ने कहा कि उद्यान न तो मुगलों द्वारा बनाया गया था और न ही इसमें मुगल उद्यान का डिजाइन ही है।
एक विशिष्ट मुगल उद्यान फारसी वास्तुशिल्प डिजाइन पर आधारित होता है। जिसमें नहरों और पूलों के साथ-साथ फव्वारे और झरने भी होते हैं। साथ ही मुगल उद्यानों में एक तालाब, बहता पानी और दोनों ओर फव्वारों के साथ विशिष्ट डिजाइन होती है।
मुगल उद्यानों में फल और फूल के पेड़ देखे जा सकते हैं, जैसा कि ताजमहल और अन्य स्थानों पर देखा जा सकता है। लेकिन विश्वविद्यालय के गार्डन में इनमें से कोई भी विशेषता नहीं है। नाम बदलने के समय के बारे में पूछे जाने पर, अधिकारी ने कहा कि विश्वविद्यालय मार्च में एक फ्लावर शो की मेजबानी करने जा रहा है, इसलिए विश्वविद्यालय ने इससे पहले पार्क का नाम बदलने का फैसला किया है।