झाड़ी से मिला जुड़वा भ्रूण तो सामने आया चौंकाने वाला सच
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दिल्ली से सटे क्षेत्र में नामचीन अस्पताल में भर्ती महिला के जुड़वा बच्चों का भ्रूण मिलने से सोमवार को सनसनी फैल गई। डीएलएफ फेस वन थाना पुलिस ने भ्रूण दफनाने वाले सफाई कर्मी को हिरासत में लेकर छानबीन शुरु कर दी है।
सिकंदरपुर पंचायत की जमीन पर बसी झुग्गी के किनारे झाड़ी में दो भ्रूण दफनाने की पुलिस को शिकायत मिली। डीएफ फेस वन थाना पुलिस टीम मौके पर पहुंच कर छानबीन शुरु की।
इस दौरान पता चला कि भ्रूण झुग्गी में ही रहने वाले सैफूद्दीन पुत्र कमलूद्दीन की ओर से दफनाया जा रहा था। जो पास के ही एक निजी अस्पताल में सफाई कर्मी है।
तो जो सामने है वही है सच्चाई या कुछ और..
डीएलएफ फेस वन थाना पुलिस की ओर से छानबीन के दौरान पता चला है कि अस्पताल प्रबंधन के पास 41 वर्षीया महिला का उपचार चल रहा था। जिसके गर्भ में जुड़वा बच्चे थे।
जिनकी मौत गर्भ में हो चुकी थी। जिसके बाद उनका गर्भपात अस्पताल में किया गया है। पुलिस की ओर से भ्रूण का पोस्टमार्टम कराने के लिए बोर्ड का गठन किया गया।
जिसकी रिपोर्ट के बाद ही कार्रवाई आगे की जाएगी।
भ्रूण मिलने के बाद उठने वाले सवाल...
क्या भ्रूण की मौत गर्भ में हुई थी या उनके जिंदा रहने पर गर्भपात किया गया है।
बोर्ड की पोस्टमार्टम रिपोर्ट से बहुत से सवाल के जवाब पर असर होगा।
यदि अस्पताल प्रबंधन की ओर से सबकुछ कानूनी है तो सार्वजनिक स्थल पर दफनाने के लिए भ्रूण क्यों पहुंचा।
वहीं पुलिस के मुताबिक भ्रूण का पोस्टमार्टम बोर्ड के द्वारा कराया जा रहा है। जांच के दौरान उठने वाले सवाल व पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद मामला दर्ज किया जाएगा।