फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Arvind Kejriwal News: AAP MLAs Met Sunita Kejriwal at Delhi Chief Minister Residence

एक्शन में सुनीता केजरीवाल: सीएम आवास पर आप विधायकों से मुलाकात, जानें क्या हुई बात

Tue, 02 Apr 2024 02:00 PM IST
अनुज कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अनुज कुमार Updated Tue, 02 Apr 2024 02:00 PM IST
सार

Sunita Kejriwal : अरविंद केजरीवाल के आवास पर आम आदमी पार्टी के विधायकों ने उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल से मुलाकात की। इस दौरान सौरभ भारद्वाज और कैलाश गहलोत भी मौजूद रहे।

विज्ञापन
Arvind Kejriwal News: AAP MLAs Met Sunita Kejriwal at Delhi Chief Minister Residence
सुनीता केजरीवाल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के आवास पर आम आदमी पार्टी के विधायक पहुंचे। जिन्होंने केजरीवाल की पत्नी सुनीता से मुलाकात की। विधायकों ने सुनीता केजरीवाल से कहा कि दिल्ली की दो करोड़ जनता केजरीवाल के साथ खड़ी है। किसी भी कीमत पर सीएम अरविंद केजरीवाल इस्तीफा न दें। जेल से ही दिल्ली की सरकार चलाएं। सौरभ भारद्वाज और कैलाश गहलोत ने भी सुनीता केजरीवाल से मुलाकात की।
विज्ञापन


सीएम पद को लेकर आप की टिप्पणी
सुनीता केजरीवाल और दिल्ली के सीएम पद को लेकर चल रही अटकलों पर आप नेता सौरभ भारद्वाज ने कहा कि भाजपा सोचती है कि हमें मुख्यमंत्री की सीट उन्हें दे देनी चाहिए। हम उन्हें नहीं देंगे। वे चिंतित हो सकते हैं, लेकिन चीजें इसी तरह से होंगी।
विज्ञापन


विज्ञापन
विज्ञापन

पत्नी सुनीता को सीएम बनाना चाहते हैं केजरीवाल
भाजपा ने आरोप लगाया है कि अरविंद केजरीवाल अपनी पत्नी सुनीता केजरीवाल को मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं, इसलिए उन्होंने जानबूझकर आतिशी मार्लेना और सौरभ भारद्वाज का नाम शराब घोटाले में लिया है। पार्टी के अनुसार, यह सुनीता केजरीवाल का राजनीतिक रास्ता साफ करने की कोशिश है। 



अरविंद केजरीवाल ने लिया इन दो नेताओं का नाम
दरअसल, आज हुई अदालत की सुनवाई के दौरान प्रवर्तन निदेशालय ने यह दावा किया है कि अरविंद केजरीवाल ने यह माना है कि विजय नायर सीधे तौर पर उन्हें नहीं, बल्कि उनकी पार्टी के दो नेता आतिशी मार्लेना और सौरभ भारद्वाज को रिपोर्ट करता था। ऐसे में यदि यह साबित हो जाता है कि विजय नायर सीधे तौर पर केजरीवाल से नहीं, बल्कि आतिशी मार्लेना और सौरभ भारद्वाज से बातचीत करता था, तो मामलों की जांच इन्हीं दोनों नेताओं की ओर मुड़ जाएगी। इससे अरविंद केजरीवाल को क्लीन चिट भले न मिले, लेकिन आम आदमी पार्टी के इन दो नेताओं से पूछताछ होने की संभावना अवश्य बढ़ जाएगी।  

चूंकि, विजय नायर पर यह आरोप है कि उसने शराब व्यापारी समीर महेंद्रू से अपने एक करीबी के माध्यम से करोड़ों रुपये की लेनदेन की थी, पैसों के लेनदेन का यह मामला आतिशी मार्लेना और सौरभ भारद्वाज तक भी पहुंच सकता है। इससे इन दोनों नेताओं पर भी ईडी का शिकंजा कस सकता है। इस मामले में दिल्ली सरकार के एक और मंत्री कैलाश गहलोत से भी पूछताछ हो चुकी है। यानी इस मामले में एक के बाद एक कई बड़े आप नेताओं के घिरने की संभावना बढ़ती जा रही है।   

पूछताछ में ही सामने आए थे बड़े नाम
ध्यान देने वाली बात है कि इस मामले में ज्यादातर आरोपियों के नाम ईडी के द्वारा हुई पूछताछ में ही एजेंसी के सामने आए थे।  तत्कालीन उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया से लेकर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल तक का नाम आरोपियों से ईडी की पूछताछ के बाद ही सामने आया था। जानकारों का मानना है कि ईडी की कार्रवाई के इस पैटर्न को देखते हुए अनुमान लगाया जा सकता है कि अब शराब घोटाले में इन दोनों वरिष्ठ मंत्रियों से भी पूछताछ होने की संभावना बन सकती है। 

जेल में बंद हैं आप के ये नेता
मनीष सिसोदिया और संजय सिंह के जेल जाने के बाद आतिशी मार्लेना आम आदमी पार्टी की सबसे प्रमुख नेताओं के रूप में उभरी हैं। अरविंद केजरीवाल ने उन पर भरोसा जताते हुए न केवल सबसे महत्त्वपूर्ण मंत्रालय उन्हें सौंप रखे हैं, बल्कि आम आदमी पार्टी की ओर से केंद्र सरकार और भाजपा पर हमला करने के मामले में भी वे सबसे आगे रहती हैं। 

इसी प्रकार सौरभ भारद्वाज भी आम आदमी पार्टी के सबसे मजबूत चेहरे के तौर पर देखे जाते हैं। पार्टी ने उन्हें लंबे समय से राष्ट्रीय प्रवक्ता बना रखा है। वे दिल्ली सरकार में मंत्री भी हैं। वे भी आम आदमी पार्टी की ओर से भाजपा और केंद्र सरकार पर हमला करने के मामले में सबसे आगे रहते हैं। ऐसे में यदि इन दोनों नेताओं पर भी ईडी की गाज गिरती है तो इससे आम आदमी पार्टी का बहुत बड़ा नुकसान होगा।

दिल्ली भाजपा के अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने सोमवार को एक प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि अरविंद केजरीवाल को 15 दिन के लिए न्यायिक हिरासत में भेजने से यह साफ हो जाता है कि अदालत ने प्राथमिक तौर पर उन्हें इस मामले में आरोपी मानने लायक सबूतों को स्वीकार कर लिया है। अब अरविंद केजरीवाल को अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed