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Alipur fire : केमिकल ड्रम नहीं होते तो बच सकते थे कुछ लोग, धमाकों के बाद जलने से काले पड़ गये थे शव
Sat, 17 Feb 2024 03:25 AM IST
दुष्यंत शर्मा
पुरुषोत्तम वर्मा, नई दिल्ली
पुरुषोत्तम वर्मा, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sat, 17 Feb 2024 03:25 AM IST
सार
किसी को भी बाहर निकलने का मौका नहीं मिला। अगर ड्रम नहीं होते तो शायद कुछ लोग बच सकते थे। पुलिस उपायुक्त रवि कुमार सिंह ने बताया कि मकान नंबर-692 में वेल्डिंग करने वाला आया हुआ था। इस बीच किसी सर्किट में आग लग गई थी।
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अलीपुर अग्निकांड
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
फैक्ट्री में रखे केमिकल ड्रमों में धमाकों के कारण आग तेजी से फैली और 11 लोग बुरी तरह जल गए। किसी को भी बाहर निकलने का मौका नहीं मिला। अगर ड्रम नहीं होते तो शायद कुछ लोग बच सकते थे। पुलिस उपायुक्त रवि कुमार सिंह ने बताया कि मकान नंबर-692 में वेल्डिंग करने वाला आया हुआ था। इस बीच किसी सर्किट में आग लग गई थी। हालांकि, आग कैसे लगी इसका पता लगाया जा रहा है।
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शुरुआत में आग बड़ी नहीं थी। इस कारण फैक्ट्री मालिक अखिल के पिता व अन्य मजदूर खुद आग बुझाने में जुटे हुए थे। इस बीच केमिकल व पेंट के ड्रमों में धमाके होने लगे और गर्म पेंट लोगों पर गिरने लगा। पेंट इतनी मात्रा में गिरा कि किसी को बचने व भागने का मौका नहीं मिला। आलम ये था कि शव देखने में कोयले जैसे हो गए थे।
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निगम को नहीं थी अवैध फैक्ट्री की जानकारी
अलीपुर गांव में लाल डोरे के भीतर घने रिहायशी इलाके में पेंट की फैक्ट्री चलाई जा रही थी और नगर निगम को इसकी जानकारी नहीं थी। बृहस्पतिवार को आग लगने की जानकारी मिलने के बाद जोनल उपायुक्त पवन कुमार खसरा संख्या 894 पर मौके पर पहुंचे तो अवैध फैक्ट्री की जानकारी हुई।
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इस इलाके में तैनात स्थानीय बिल्डिंग डिपार्टमेंट और फैक्ट्री लाइसेंसिंग विभाग के अधिकारी को भी इसकी जानकारी नहीं थी। जोनल उपायुक्त ने बताया कि स्थानीय लोग निगम कर्मियों के साथ कई बार दबंगई कर चुके हैं। जांच करने गई टीम पर हमला भी कर चुके हैं। एक एलआई को स्थानीय लोगों ने कार्यालय में ही घेरकर धमकाया था। अग्निकांड के बाद निगम आयुक्त ज्ञानेश भारती ने पूरे इलाके में सघन तलाशी अभियान चलाकर अवैध रूप से चल रही फैक्ट्रियों का पता लगाने और पुलिस फोर्स के साथ कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।
हादसा भ्रष्टाचार का परिणाम : राजा इकबाल सिंह
निगम में नेता विपक्ष व पूर्व मेयर राजा इकबाल सिंह ने अग्निकांड को भ्रष्टाचार का परिणाम बताया। उन्होंने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी की अक्षमता और निगम के फैक्ट्री लाइसेंसिंग विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार के कारण ये हादसा हुआ। इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना की जिम्मेदारी लेते हुए मेयर को पद से तुरंत इस्तीफा देना चाहिए। इसकी जांच होनी चाहिए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।