दिल्ली एम्स में पहले चरण में 375, दूसरे में 750 लोगों को दी जाएगी कोरोना वैक्सीन
एम्स के निदेशक डॉ. रणदीप गुलेरिया ने सोमवार को कोरोना वैक्सीन के ट्रायल को लेकर जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पहले चरण के वैक्सीन ट्रायल में 18-55 साल के स्वस्थ लोगों को शामिल किया जाएगा। ट्रायल के लिए कुल सैंपल 1125 लिए गए हैं, जिसमें से 375 स्वस्थ लोगों पर पहले चरण में और 12-65 साल के 750 लोगों पर दूसरे चरण में ट्रायल किया जाएगा।
Certain areas have hit their peak. Delhi seems to have done so because the cases have declined significantly. Certain areas have yet to reach the peak. Cases are increasing in certain states. They will reach the peak a little later: AIIMS Director Randeep Guleria #COVID19 https://t.co/VTwU3jIO9j
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— ANI (@ANI) July 20, 2020
उन्होंने कहा कि वैक्सीन के तीन फॉर्मुलेशन ट्राई किए जाएंगे। पहले फेज में हम देखेंगे कि ये कितना सुरक्षित है और इसका कितना डोज दिया जाना चाहिए। तीसरे फेज में इसका प्रयोग ज्यादा आबादी पर किया जाएगा।
डॉ. गुलेरिया ने कहा कि वैक्सीन के साथ एक कंट्रोल आर्म भी होगा जिसको हम प्लेसिबो कहते हैं। कुछ लोगों को वैक्सीन दिया जाएगा और कुछ को कंट्रोल। दोनों में इम्युनोजैनिटी का अंतर देखा जाएगा। ये ट्रायल एम्स में ही होगा।
उन्होंने कहा कि अगर हम भारत के साथ-साथ दक्षिण-पूर्व एशिया के आंकड़े भी देखें तो इटली और स्पेन या अमेरिका के मुकाबले हमारे यहां मृत्यु दर काफी कम है।
एम्स निदेशक ने कहा कि कुछ क्षेत्रों में कोरोना अपने चरम पर था। दिल्ली में भी ऐसा ही था क्योंकि अब मामलों में काफी गिरावट आई है। कुछ क्षेत्रों में अभी संक्रमण अपने चरम पर पहुंचना बाकी है। कई राज्यों में मामले बढ़ रहे हैं। वहां कुछ समय बाद संक्रमण अपनी चरम पर पहुंचेगा।