जेटली से माफी के बाद केजरीवाल समेत 5 को मानहानि के 3 मामलों से मिली मुक्ति, विश्वास पर चलेगा केस
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मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल समेत पांच आप नेताओं के माफी मांगने के बाद मानहानि के तीन मामलों से उन्हें राहत मिल गई है। हाईकोर्ट ने दो दीवानी मामलों व पटियाला हाउस अदालत ने मानहानि के अपराधिक मामलों में दोनों पक्षों के बीच हुए समझोते को मंजूरी प्रदान कर दी।
इसी के साथ तीनों ही मामलों में माफी मांगने वाले केजरीवाल सहित अन्य आप नेताओं के खिलाफ मुकदमे बंद हो गए। अब माफी न मांगने वाले नेता कुमार विश्वास के खिलाफ ही मुकदमा चलेगा। केजरीवाल व जेटली की ओर से इन मामलों को वापस लेने के लिये सोमवार को अर्जी दायर की गई थी।
जस्टिस राजीव सहाय एंडलॉ ने डीडीसीए मानहानि में दस करोड़ दावे के पहले मामले को वापस लेने की अनुमति जेटली व केजरीवाल के वकीलों को दे दी। यह पहला मामला है जो केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने अरविंद केजरीवाल समेत छह आप नेताओं पर दस करोड़ मुआवजे के लिये किया था।
अब यह मामला केवल कुमार विश्वास पर चलेगा क्योंकि उन्होंने माफी नहीं मांगी है। मामले की अगली सुनवाई के लिये 26 अप्रैल की तारीख तय की गई है।
10 करोड़ का आपराधिक मानहानि का मामला भी लिया वापस
दूसरी ओर जस्टिस मनमोहन ने भी जेटली व केजरीवाल के वकीलों को मानहानि के लिए दस करोड़ रुपये मुआवजे के दूसरे मामले को वापस लेने की अनुमति दे दी। यह दावा जेटली ने वरिष्ठ अधिवक्ता राम जेठमलानी द्वारा अपशब्द प्रयोग किये जाने के बाद अरविंद केजरीवाल पर हाईकोर्ट में दायर किया था।
पटियाला हाउस अदालत के एसीएमएम समर विशाल ने अरुण जेटली व केजरीवाल की अर्जियों पर सुनवाई के बाद मानहानि के अपराधिक मामले की शिकायत वापस लेने की अनुमति प्रदान कर दी।
मानहानि के इन मामलों में केजरीवाल के साथ राघव चड्ढा, दीपक वाजपेयी, आशुतोष व संजय सिंह ने एक अप्रैल को केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली से माफी मांगी थी।
पेश मामला दिल्ली एंड डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट एसोसिएशन (डीडीसीए) से जुड़ा है। मुख्यमंत्री केजरीवाल समेत छह आप नेताओं ने बयान जारी कर केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली पर वित्तीय अनियमितता के आरोप लगाये थे।
इन नेताओं का कहना था कि वर्ष 1999 से 2013 तक डीडीसीए के अध्यक्ष थे और उनके कार्यकाल में कामकाज में भारी वित्तीय अनियमितता हुई थी और निजी कंपनी को फायदा पहुंचाया गया था।