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Elvish Yadav: रिमांड पर नहीं आ सका फैसला, पुलिस ने कोर्ट में रखे कई अहम सबूत; डायरी को पेश करने की तैयारी
Wed, 15 Nov 2023 10:10 PM IST
श्याम जी.
अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा
अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा
Published by: श्याम जी.
Updated Wed, 15 Nov 2023 10:10 PM IST
सार
एल्विश यादव मामले में पुलिस ने ठोस सबूत कोर्ट में पेश किए हैं। केस में मिला अहम सबूत लाल डायरी को भी पुलिस आधार बनाकर कोर्ट में पेश कर सकती है। जिससे आरोपियों की जल्द से जल्द रिमांड मिल सके और इस केस में कई और बड़े खुलासे किए जा सकें।
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एल्विश यादव
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
नोएडा पुलिस ने जेल में बंद पांच आरोपियों की दोबारा रिमांड के लिए संबंधित न्यायालय में अर्जी लगाई। जिस पर अंतिम फैसला बुधवार को भी नहीं आया। रिमांड के लिए पुलिस ने इस केस से संबंधित ठोस सबूत कोर्ट में पेश किए हैं। वहीं, केस में मिला अहम सबूत लाल डायरी को भी पुलिस आधार बनाकर कोर्ट में पेश कर सकती है। जिससे आरोपियों की जल्द से जल्द रिमांड मिल सके और इस केस में कई और बड़े खुलासे किए जा सकें।
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वहीं, यूट्यूबर एल्विश यादव मामले की जांच अब डायरी को आधार बनाकर आगे बढ़ रही है। केस में पुलिस डायरी को अहम सबूत के तौर पर इस्तेमाल करने की तैयारी में है। पहले चरण में 54 घंटे की रिमांड के दौरान केस से संबंधित कई राज ऐसे थे, जो अब भी पुलिस के लिए मील का पत्थर साबित हो रहे हैं। डायरी में मिले मोबाइल नंबर और मध्यस्थ का इलेक्ट्रॉनिक डेटा बेस पुलिस तैयार कर रही है। इसमें सोशल मीडिया नेटवर्किंग साइट से भी डेटा लिया जा रहा है।
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साथ ही पुलिस अब वन्य जीव क्रूरता अधिनियम की धारा भी मामले में बढ़ाने जा रही है। इस केस में एक बार फिर से पुलिस ने अपने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस सेल को एक्टिव कर दिया है। लगातार लोगों पर नजर रखी जा रही है। पुलिस अधिकारियों द्वारा दावा किया जा रहा है कि जयपुर गई टीम को भी वहां से कई सबूत मिले हैं। नोएडा के डूब क्षेत्र में बने फार्म हाउसों में रेव पार्टी होती थी। इसका पहले भी कई बार खुलासा हो चुका है। यहां कसीनो तक पकड़ा जा चुका है। यहां हुई पुरानी पार्टियों का डेटा भी निकाला जा रहा है।
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अधिकारी करेंगे निर्धारित
पहली रिमांड में पुलिस आरोपियों से घटनाक्रम का रिक्रिएशन नहीं करा सकी थी। इस बार अगर रिमांड मिलती है तो घटनाक्रम का रिक्रिएशन कराकर कई राज से पर्दा उठाया जाएगा। एल्विश को नोएडा बुलाकर पूछताछ की जाएगी या नहीं इस पर आखिरी फैसला बड़े अधिकारियों द्वारा ही लिया जाएगा। कमिश्नरेट के शीर्ष अधिकारियों ने बुधवार को संबंधित अधिकारियों से इस केस के संबंध में बैठक की जिसमें केस की सभी जानकारियां भी ली।
मीडिएटर के जरिए पहुंचने का प्रयास
राहुल सिर्फ एल्विश और फाजिलपुरिया नहीं, बल्कि कई और लोगों के लिए भी एनसीआर में पार्टी में सांप और वेनम लेकर जाता था। उनके नाम तो नहीं लेकिन उनके मध्यस्थ के नाम इसमें शामिल है। केस में अब मीडिएटर के जरिए ही पुलिस उन लोगों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है, जिनके लिए राहुल सांप और वेनम लेकर जाता था।
रोस्टिंग को लेकर मांगी माफी
सोशल मीडिया समेत कई जगहों पर बुधवार को यह दावा किया गया कि एल्विश ने सांप मामले को लेकर अपनी गलती कबूल ली है और माफी मांगी है। लेकिन जब वीडियो को देखा जाए तो पता चलता है कि उन्होंने रोस्टिंग को लेकर माफी मांगी है। यह सब उन्होंने बिगबॉस-17 कंटेस्टेंट अनुराग डोभाल को सपोर्ट करते हुए कहा है। दरअसल एल्विश यादव 2020 में अपने यूट्यूब चैनल पर रोस्ट वीडियोज डालते थे। इस दौरान वह कई विवादों में भी शामिल रहे हैं। जब उन्होंने अनुराग डोभाल को सपोर्ट करते हुए उनका मजाक ना बनाने के लिए लोगों से अपील की तो लोगों ने उन्हें घेरते हुए उनसे पूछा कि आप भी इससे पहले रोस्टिंग के जरिए लोगों का मजाक उड़ाया करते थे। इस संदर्भ में एल्विश यादव ने अपने फैंस से माफी मांगी और कहा कि उस वक्त मेरी उम्र कम थी तो उस समय की गलतियां थी, जिन्हें मैं अब सुधार चुका हूं।