{"_id":"68adbc5d913ff6fbec04c26f","slug":"abvp-protests-against-rs-1-lakh-bond-policy-delhi-ncr-news-c-340-1-del1004-102500-2025-08-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi NCR News: एक लाख रुपये की बॉन्ड नीति के खिलाफ एबीवीपी का प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi NCR News: एक लाख रुपये की बॉन्ड नीति के खिलाफ एबीवीपी का प्रदर्शन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डूसू चुनाव : अधिसूचना को जलाकर नियम को वापस लेने की मांग की
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) चुनाव के लिए कैंपस में माहौल बनना शुरू हो गया है। संगठन अपने-अपने स्तर पर सक्रिय होने लगे हैं। हालांकि अभी सभी संगठनों के लिए प्रमुख मुद्दा एक लाख रुपये बॉन्ड की नीति को वापस करवाना बना हुआ है। इसी कड़ी में मंगलवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने चुनाव लड़ने के लिए एक लाख का चुनावी बॉन्ड भरवाने के विरोध में आर्ट्स फैकल्टी में प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने एक लाख बॉन्ड वाली अधिसूचना को जलाकर विरोध जताया और नियम को वापस लेने की मांग की।
बता दें कि डीयू प्रशासन ने इस बार डूसू चुनाव में नामांकन करने के लिए एक लाख रुपये का बॉन्ड भरने को अनिवार्य किया है। छात्र संगठन लगातार इसका विरोध कर रहे हैं। मंगलवार को प्रदर्शन में रामजस कॉलेज, हिन्दू कॉलेज, किरोड़ीमल कॉलेज, मिरांडा हाउस के एबीवीपी के सदस्यों ने हिस्सा लिया। एबीवीपी का तर्क है कि इससे चुनाव आर्थिक रूप से समृद्ध छात्रों तक ही सीमित रह जाएगा। एबीवीपी के दिल्ली प्रांत मंत्री सार्थक शर्मा ने कहा कि एबीवीपी की विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग है कि यथाशीघ्र इस फैसले को वापस लिया जाए नहीं तो इसके खिलाफ सड़क से लेकर न्यायालय तक आंदोलन और तेज होगा। उन्होंने कहा कि जहां लिंगदोह समिति चुनावी खर्च सीमा पांच हजार रुपये तय करती है तो उसी के विपरीत एक लाख का चुनावी बॉन्ड भरवाना किसी भी रूप में तर्कसंगत नहीं है।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) चुनाव के लिए कैंपस में माहौल बनना शुरू हो गया है। संगठन अपने-अपने स्तर पर सक्रिय होने लगे हैं। हालांकि अभी सभी संगठनों के लिए प्रमुख मुद्दा एक लाख रुपये बॉन्ड की नीति को वापस करवाना बना हुआ है। इसी कड़ी में मंगलवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने चुनाव लड़ने के लिए एक लाख का चुनावी बॉन्ड भरवाने के विरोध में आर्ट्स फैकल्टी में प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने एक लाख बॉन्ड वाली अधिसूचना को जलाकर विरोध जताया और नियम को वापस लेने की मांग की।
बता दें कि डीयू प्रशासन ने इस बार डूसू चुनाव में नामांकन करने के लिए एक लाख रुपये का बॉन्ड भरने को अनिवार्य किया है। छात्र संगठन लगातार इसका विरोध कर रहे हैं। मंगलवार को प्रदर्शन में रामजस कॉलेज, हिन्दू कॉलेज, किरोड़ीमल कॉलेज, मिरांडा हाउस के एबीवीपी के सदस्यों ने हिस्सा लिया। एबीवीपी का तर्क है कि इससे चुनाव आर्थिक रूप से समृद्ध छात्रों तक ही सीमित रह जाएगा। एबीवीपी के दिल्ली प्रांत मंत्री सार्थक शर्मा ने कहा कि एबीवीपी की विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग है कि यथाशीघ्र इस फैसले को वापस लिया जाए नहीं तो इसके खिलाफ सड़क से लेकर न्यायालय तक आंदोलन और तेज होगा। उन्होंने कहा कि जहां लिंगदोह समिति चुनावी खर्च सीमा पांच हजार रुपये तय करती है तो उसी के विपरीत एक लाख का चुनावी बॉन्ड भरवाना किसी भी रूप में तर्कसंगत नहीं है।
विज्ञापन