केजरीवाल की रिहाई के लिए AAP ने बनाया खास प्लान
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अरविंद केजरीवाल के बेल बॉन्ड न भरने का फैसला ‘आप’ पर उल्टा पड़ता दिख रहा है। पार्टी रणनीतिकार इससे निकलने की राह तलाशने में शुक्रवार को दिन भर माथापच्ची करते रहे।
सूत्रों के मुताबिक, फिलहाल यह तय किया गया है कि मामला हाईकोर्ट के बाद सुप्रीम कोर्ट तक जाएगा। अगर वहां केजरीवाल को राहत मिल जाती है तो उसे बड़ी जीत के तौर पर प्रचारित किया जाएगा, लेकिन अगर फैसला नकारात्मक आता है तो बेल बॉन्ड भरा जा सकता है।
आधिकारिक तौर पर पार्टी नेता अभी सिर्फ ऊपरी अदालत में अपील की ही बात कर रहे हैं।
AAP को होगा ये बड़ा नुकसान
पार्टी रणनीतिकार मानकर चल रहे थे कि दूसरे मामलों की तरह अदालत में बेल बांड के बगैर जमानत मिल जाएगी। यही वजह रही कि नितिन गडकरी के मामले में भी पार्टी इसी लाइन पर आगे बढ़ रही थी।
लेकिन बाजी पलटने पर बेल बॉन्ड भरने से पार्टी को सियासी नुकसान की आशंका दिखी। लिहाजा, पार्टी सिद्धांत की बात करते हुए केजरीवाल जेल चले गए।
सूत्रों की मानें तो इससे मामला पूरी तरह उलझ गया है। अब रणनीतिकार हाईकोर्ट व सुप्रीम कोर्ट की ओर देख रहे हैं।
तो पार्टी मनाएगी जीत?
अगर पार्टी को कहीं से भी राहत मिलती है तो इसे जीत बताया जाएगा। अगर सुप्रीम कोर्ट से भी केजरीवाल के हक में फैसला नहीं आता है तो फैसले के सम्मान के नाम पर बेल बॉन्ड भरने की बात भी चल रही है।
वरिष्ठ नेता संजय सिंह ने बताया कि निचली अदालत के फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट और जरूरत पड़ी तो सुप्रीम कोर्ट में अपील की जाएगी।