स्कूल में छात्राओं के कपड़े उतरवाने वाली शिक्षिका ने पुलिस को लिखा पत्र, बताई चौंकाने वाली बात
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
टेस्ट में कम नंबर आने पर स्कूल में छात्रा के कपड़े उतरवाने वाले मामले में एक नया खुलासा हुआ है। अभी तक जो बात सामने आ रही है शिक्षिका के एक पत्र ने उसमें नया मोड़ ला दिया है। आगे पढ़िए पूरा मामला...
आरोपी शिक्षिका ने एक छात्रा के परिजनों पर मारपीट के साथ कपड़े फाडने का आरोप लगाया है। वहीं पुलिस अधिकारियों से आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की हैं। इस मामले में पहले ही शिक्षिका के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा चुका है।
आरोपी शिक्षिका सैफाली एसपी देहात मणिकांत मिश्र को पत्र भेजकर बताया कि वीकली टेस्ट में नंबर कम आने के कारण उसने एक छात्रा को डाट दिया था। जिसके बाद छात्रा के परिजनों ने अन्य लोगों के साथ स्कूल में आकर उसके साथ मारपीट करते हुए कपड़े फाड दिए।
सीबीआई और सीएम को भी भेजा पत्र
जबकि उसके छात्राओं के कपड़े उतरवाने का आरोप निराधार हैं। शिक्षिका ने एसपी देहात मणिकांत मिश्र से आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। शिक्षिका के पति ने बताया कि अधिकारियों ने मुकदमा दर्ज करने का आश्वासन दिया है।
वहीं घटना के बाद ही आरोपी शिक्षिका के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा चुका है। महिला हेल्प लाइन प्रभारी प्रमिला बिष्ट छात्राओं के कपड़े उतरवाने के मामले की जांच कर रही है। आरोपी शिक्षिका ने मामले की एक-एक कॉपी मुख्यमंत्री, आईजी, महिला आयोग, सीबीआई, आईजी देहरादून आदि को भी भेजकर न्याय की मांग की है।
हालांकि बच्चों इस सबके बाद शिक्षिका को स्कूल से निकाल दिया गया है। लेकिन परिजन अभी भी न्याय की मांग को लेकर पुलिस के चक्कर लगा हैं। ऐसे में अब पुलिस उलझ गई है। कि केस को कैसे सुलझाया जाए।