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उत्तराखंड: आयुर्वेद विवि में कुलसचिव डा. मृत्युंजय की वापसी पर बवाल, समर्थकों ने गेट किया बंद

Sat, 27 Oct 2018 01:54 PM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून Updated Sat, 27 Oct 2018 01:54 PM IST
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Students leaders protest in Uttarakhand Ayurved university chancellor dr. mrityunjai mishra 
डॉ मृत्युंजय मिश्रा

उत्तराखंड आयुर्वेद विश्वविद्यालय में कुलसचिव पद पर डा. मृत्युंजय मिश्रा की फिर से वापसी पर बवाल खड़ा हो गया है। चार्ज लेने के बाद शनिवार को विवि पहुंचे डा. मिश्रा को निवर्तमान कुलसचिव के समर्थकों का विरोध झेलना पड़ा। 

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जानकारी के अनुसार, समर्थकों ने विवि का गेट बंद कर दिया। इसके बाद वहां पहुंचे डॉ मिश्रा विवि के बाहर ही अपने समर्थकों के साथ खड़े रहे। दोनों तरफ के समर्थक और शिक्षक संघ के नेता गेट पर पहुंचकर नारेबाजी कर रहे हैं।  
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बता दें कि, हाईकोर्ट ने डा. मृत्युंजय मिश्रा को शासन से संबद्ध करने के आदेश पर रोक लगाते हुए कुलसचिव पद पर चार्ज संभालने के आदेश दिए। 23 अक्तूबर को आए हाईकोर्ट के निर्देश के क्रम में उन्होंने शुक्रवार को चार्ज संभाला और शासन को इसकी सूचना भेज दी। 

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आयुर्वेद विवि में कुलसचिव पद पर चल रहा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस वर्ष 17 अप्रैल को मृत्युंजय मिश्रा ने विवि में बतौर कुलसचिव चार्ज संभाला। 20 अप्रैल को उन्हें शासन से संबद्ध कर दिया गया।

इस पर उन्होंने 24 अप्रैल को अपील दर्ज की। मृत्युंजय शासन में अटैच किए जाने के बावजूद उन्हें बैठने के लिए कक्ष व अन्य सुविधाएं नहीं दी गई। इस पर उन्होंने 31 जुलाई को हाईकोर्ट में याचिका दायर की।

23 अक्तूबर को हाईकोर्ट ने शासन के 20 अप्रैल के फैसले पर रोक लगा दी। उनका शासन में सबंद्धीकरण करने संबंधी आदेश पर रोक लगाने के साथ ही कुलसचिव का पदभार संभालने के निर्देश दिए। शुक्रवार को उन्होंने विधिवत रूप से कुलसचिव पद संभाल लिया।

उन्होंने बताया कि कोर्ट के आदेश पर उन्होंने पद संभाल लिया है। इसकी सूचना आयुष सचिव के साथ ही कुलपति को भी ईमेल व अन्य माध्यमों से भेज दी गई है। कुलपति प्रो. अभिमन्यु कुमार से मामले की जानकारी के लिए संपर्क का प्रयास किया गया। हालांकि देर रात तक उनसे बातचीत नहीं हो पाई। जब भी उनका पक्ष आएगा, उसे प्रकाशित किया जाएगा। 

 

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