IPL मैच पर सट्टा लगाते छह बुकी गिरफ्तार, दिल्ली के एक शख्स के इशारों पर चलता था पूरा 'खेल'
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इंडियन टी 20 लीग में राजस्थान और हैदराबाद की टीम के बीच खेले गए मैच में सट्टा लगाते एसटीएफ ने छह बुकी गिरफ्तार किए हैं। दून के ये बुकी दिल्ली के एक शख्स के कहने पर सट्टा लगाते थे।
इनके पास से 41 हजार रुपये नगद, एंड्रॉयड फोन और टीवी बरामद हुए हैं। आरोपियों के पास से बरामद रजिस्टर में सैकड़ों लोगों के नाम दर्ज हैं, जिसमें पता चला है कि इन्होंने अब तक 50 लाख रुपए से ज्यादा का सट्टा लगाया है।
एसटीएफ इंस्पेक्टर संदीप नेगी ने बताया कि पुख्ता सूचना के आधार पर टीम ने शनिवार रात में राजेंद्र नगर स्थित एक मकान में छापा मारा था। यहां देखा तो टीवी पर लाइव मैच चल रहा था और वहां बैठे लड़के फोन पर सट्टे की बात कर रहे थे। पुलिस ने सभी लड़कों को तत्काल हिरासत में ले लिया।
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इनमें दो सगे भाई अंकित उर्फ सोनू व मुकुल निवासी ईदगाह कैंट, संदीप निवासी चुक्खुवाला, आकाश निवासी देहरादून, अभिषेक निवासी सल्ल जिला मथुरा और शशिभूषण निवासी मंडी थाना सरकाघाट हिमाचल प्रदेश शामिल हैं। इंस्पेक्टर नेगी ने बताया कि इनमें मुकुल बैंक में नौकरी करता है, जबकि बाकी सभी अलग-अलग शिक्षण संस्थानों से ग्रेजुएशन कर रहे हैं।
पूछताछ में इन्होंने बताया कि ये दिल्ली निवासी कपिल बंसल के कहने पर सट्टा लगाते थे। इनके टार्गेट पर ज्यादातर स्थानीय लोग थे, जो आसानी से कहने में आ जाते हैं। आरोपियों ने एसटीएफ को बताया कि कपिल बंसल लंबे समय से इंडियन टी 20 लीग में सट्टा लगाता आ रहा है। दिल्ली से ही वह उन्हें पैसे भी भेजता था। इंस्पेक्टर नेगी ने बताया इनके पास से जो रजिस्टर मिला है उसमें लगभग 100 से ज्यादा लोगों के नाम दर्ज हैं।
20 दिन में बदले 4 मकान
एसटीएफ के हत्थे चढे़ बुकी काफी शातिर हैं। ज्यादातर स्थानीय हैं लेकिन राजेंद्र नगर में उन्होंने सट्टे के धंधे के लिए ही मकान किराए पर लिया था। लोकेशन किसी को पता न चले इसके लिए उन्होंने 20 दिन में चार मकान बदले थे। चौथे मकान से शनिवार देर रात एसटीएफ ने गिरफ्तार कर लिया।
सट्टा लगाने के बाद नहीं देते थे पैसा
ये बुकी पहले पकड़े गए बुकीज से अलग हैं। इनका गिरोह सट्टा लगाने के बाद यदि कोई जीत जाता था उसे पैसे नहीं देते थे। बल्कि अगला मैच पर सट्टा खेल कर मोटी कमाई का लालच देते थे। ऐसे में कई लोग इनके झांसे में आ गए। बताया जा रहा है कि इनके झांसे में फंसे किसी व्यक्ति ने ही एसटीएफ को सूचना दी थी।