उत्तराखंड : 24 घंटे में आए 5654 नए कोरोना संक्रमित, रिकॉर्ड 197 की मौत, ब्लैक फंगस का एक और मरीज मिला
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, शनिवार को देहरादून जिले में 1423 कोरोना मरीज मिले हैं।
विस्तार
उत्तराखंड में बीते 24 घंटे में 5654 संक्रमित मरीज सामने आए और रिकॉर्ड 197 मरीजों ने दम तोड़ा है। वहीं, 4806 मरीजों को ठीक होने के बाद घर भेजा गया। कुल संक्रमितों की संख्या 283239 हो गई है। जबकि सक्रिय मामले 80000 पहुंच गए हैं।
उत्तराखंड में कोरोना : मेडिकल काउंसलर रखेंगे होम आइसोलेशन में रह रहे मरीजों का ख्याल
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, शनिवार को देहरादून जिले में 1423 कोरोना मरीज मिले हैं। हरिद्वार में 464, ऊधमसिंह नगर 384 , नैनीताल में 1037, टिहरी में 405, पौड़ी में 482, रुदप्रयाग में 51, अल्मोड़ा में 339, उत्तरकाशी में 428, पिथौरागढ़ में 246, चमोली में 215, चंपावत में 42, बागेश्वर जिले में 138 संक्रमित मिले हैं।
जिला न्यायालयों में कल से आवश्यक न्यायिक कार्य वीडियो कांफ्रेंसिंग से होंगे
नैनीताल हाईकोर्ट ने नोटिफिकेशन जारी कर कहा है कि राज्य के जिला न्यायालयों में 17 मई से आवश्यक न्यायिक कार्य वीडियो कांफ्रेंसिंग से होंगे। देहरादून की अदालतों में केवल रिमांड, जमानत, अस्थायी निषेधाज्ञा के मामलों की सुनवाई होगी।
हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के निर्देश पर रजिस्ट्रार जनरल की ओर से जारी अधिसूचना में कहा गया है कि देहरादून की निचली अदालतों में केवल रिमांड, जमानत और अस्थायी निषेधाज्ञा के वाद सुने जाएंगे। अत्यंत आवश्यक वाद में सुनवाई का निर्णय जिला जज लेंगे।
अन्य जिलों की अदालतों में रिमांड, जमानत प्रार्थनापत्र, रिलीज ऑफ प्रॉपर्टी, अस्थायी निषेधाज्ञा, उत्तराधिकार प्रमाणपत्र, हिंदू मैरिज एक्ट की धारा 13बी के मामले, आपसी सुलह समझौते के मामले, फाइनल बहस आदि मुकदमों में सुनवाई वीडियो कांफ्रेंसिंग से होगी। इस संदर्भ में 13 और 15 अप्रैल को जारी दिशा निर्देश प्रभावी होंगे।
विशेषज्ञ डॉक्टर से सलाह और परामर्श निशुल्क ले सकते हैं
प्रदेश में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए आम आदमी पार्टी भी मदद के लिए आगे आई है। कोरोना संक्रमित मरीजों के लिए आप ने निशुल्क डॉक्टर परामर्श देने को टोल फ्री नंबर जारी किया है। पार्टी के वरिष्ठ नेता कर्नल (सेवानिवृत्त) अजय कोठियाल ने आप डॉक्टर अभियान की शुरूआत की है।
इस अभियान के तहत जारी किए गए टोल फ्री नंबर 8800026100 पर कॉल करते ही कोरोना संक्रमित मरीजों को या उनके तीमारदारों को विशेषज्ञों की ओर से डॉक्टरों की सलाह निशुल्क दी जाएगी। उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण के लगातार बढ़ते मामलों के बीच आम आदमी पार्टी ने आप का डॉक्टर अभियान की शुरुआत की है।
इस टोल फ्री नंबर पर कोई भी कोरोना संक्रमित व उनके परिजन फोन कर विशेषज्ञ डॉक्टर से सलाह और परामर्श निशुल्क ले सकते हैं। इसके अलावा होम आइसोलेशन में रहने वाले लोग जिन्हें सरकार की खामियों का शिकार होना पड़ रहा है वो भी विशेषज्ञ डाक्टरों से हर जरूरी सलाह तय समय में ले सकते हैं।
आम आदमी पार्टी का कहना है कि कोरोना संक्रमण के लगातार बढ़ते मामलों के बीच आम लोगों में डर की भावना भी तेजी से बढ़ रही है, ऐसे में पार्टी की ओर से प्रदेश में चलाए जाने वाले इस तरह के अभियान की बेहद ज्यादा जरूरत थी। जिसे पार्टी आज विधिवत रूप से शुरू कर चुकी है।
पार्टी का मानना है कि इस अभियान का मकसद कोरोना संक्रमितों को चिकित्सकीय सहायता देने के साथ ही लोगों को कोरोना के खिलाफ मिलजुल कर लड़ने के लिए प्रेरित करना भी है।
कोरोना संकट के वक्त आम आदमी पार्टी लगातार प्रदेश में लोगों तक मदद पहुंचाने में जुटी हुई है। पार्टी नेताओं व कार्यकर्ताओं द्वारा प्रदेश के तमाम इलाकों में ऑक्सीजन सिलिंडर, दवाइयां और भोजन का इंतजाम करने के साथ ही अस्पताल और एंबुलेस सेवा भी चलाई जा रही है।
घर में अलग कमरा नहीं तो संक्रमित का कोविड केयर सेंटर में होगा उपचार
प्रदेश में कोरोना संक्रमण की रोकथाम को होम आइसोलेशन के लिए घर में अलग कमरा न होने पर कोरोना संक्रमित मरीज का कोविड केयर सेंटर में इलाज कराया जाएगा। इस संबंध में सचिव स्वास्थ्य अमित सिंह नेगी ने आदेश जारी किए हैं।
सभी जनपदों के जिलाधिकारी व मुख्य चिकित्सा अधिकारी को केंद्र सरकार की ओर से होम आइसोलेशन को लेकर जारी दिशा निर्देशों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए। वर्तमान में कुल सक्रिय मामलों में से 90 प्रतिशत संक्रमित होम आइसोलेशन में रह कर इलाज कर रहे हैं।
प्रदेश में कोरोना संक्रमण बढ़ने से सक्रिय मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। कोरोना की दूसरी लहर में सक्रिय मामले 80 हजार से ज्यादा हो गए हैं। इसमें 90 प्रतिशत संक्रमित होम आइसोलेशन की सुविधा लेकर घरों में ही उपचार कर रहे हैं। कई संक्रमित होम आइसोलेशन के नियमों का पूरा नहीं कर रहे हैं। जिससे परिवार के अन्य सदस्यों के संक्रमित होने का खतरा बना है।
इसे देखते हुए सचिव स्वास्थ्य अमित सिंह नेगी ने होम आइसोलेशन के दिशानिर्देशों का पालन करने के लिए आदेश जारी किए हैं। सचिव ने सभी डीएम और सीएमओ को निर्देश दिए कि कोविड केयर सेंटर में बिजली, पानी, मरीजों के भोजन और दवाईयों की उचित व्यवस्था की जाएगी। डॉक्टरों की टीम संक्रमितों का नियमित से जांच करें।
मेडिकल काउंसलर करेंगे होम आइसोलेशन मरीजों की निगरानी
होम आइसोलेशन रह रहे कोरोना मरीजों की निगरानी अब मेडिकल काउंसलर करेंगे। साथ ही मेडिकल काउंसलर मरीजों को परामर्श दिया जाएगा। एक काउंसलर को प्रतिदिन 50 मरीजों की जिम्मेदारी दी गई है। मेडिकल काउंसलर को टेलीफोन बिल और मरीज के रिकॉर्ड का रखरखाव करने के लिए प्रति माह एक हजार रुपये मानदेय दिया जाएगा। प्रदेश में कोरोना संक्रमितों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
अस्पतालों से ज्यादा संक्रमित मरीज घर में ही रह कर उपचार कर रहे हैं। जिससे सरकार ने होम आइसोलेशन मरीजों की निगरानी मेडिकल काउंसलर के माध्यम से कराने का निर्णय लिया है। आइसोलेशन की 10 दिन के अवधि पूरी होने पर मरीज के स्वस्थ होने पर काउंसलर निगरानी को समाप्त करेंगे। साथ ही मरीज को होम आइसोलेशन और आयुष किट उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी काउंसलर की होगी।
कोरोना में मदद चाहिए तो 104 हेल्पलाइन पर करें कॉल
कोरोना संक्रमित हैं या होम आइसोलेशन में हैं और कोई चिकित्सकीय मदद चाहिए तो नेशनल हेल्थ मिशन की 104 हेल्पलाइन पर संपर्क साधा जा सकता है। स्वास्थ्य महानिदेशालय में कोविड वार रूम बनाया गया है, जो कोरोना संक्रमितों से लगातार संपर्क कर रहा है।
नेशनल हेल्थ मिशन के अफसर इंचार्ज डॉ. कुलदीप मर्तोलिया ने बताया कि इस हेल्पलाइन पर हर रोज लगभग तीन से चार हजार आउटबाउंड कॉल्स की जा रही हैं। यही नहीं अब तक कुल 5962 निगरानी समितियों के साथ मिलकर 104 मेडिकल हेल्पलाइन की तरफ से संपर्क किया जा चुका है।
अब तक प्रदेश के कुल 105750 संक्रमितों को संपर्क किया जा चुका है। 104 मेडिकल हेल्पलाइन एवं जिलों द्वारा होम आइसोलेशन या हॉस्पिटल आइसोलेशन में रह रहे कोविड पॉजिटिव मरीजों से निरंतर संपर्क कर उनके स्वास्थ्य संबंधी एवं अन्य कोई असुविधा के संबंध में जानकारी प्राप्त कर रहा है।
कोविड वार रुम बनाया
कोविड 19 में संक्रमण की रोकथाम के लिए नेशनल हेल्थ मिशन में कोविड वॉर रूम स्थापित किया गया है। हेल्पलाइन के आरसीएच डिवीजन (रिप्रोडक्टिव चाइल्ड हेल्थ ) डिवीजन प्रदेश की गर्भवती महिलाओं से संपर्क कर उनका स्वास्थ्य जानकारी ली जा रही है।
लगातार बढ़ रही हैं कॉल्स
कोरोनाकाल में इनकमिंग कॉल्स की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में यदि कोई कॉल मिस भी हो जाती है तो उस पर शीघ्र ही कॉल बैक किया जाता है।