IIT में CBI की दस्तक, अंदरखाने उठे सवाल
आईआईटी में सीबीआई टीम के आने पर कई सवाल उठ खड़े हुए हैं। कैंपस में तरह-तरह की चर्चा हो रही है। सीबीआई टीम भले ही जांच को श्रीनगर स्थित एनआईटी से जुड़ा मामला बता रही हो लेकिन कुछ लोग इसे संस्थान के ही एक वैज्ञानिक की राष्ट्रपति और मानव संसाधन विकास मंत्रालय को भेजी गई शिकायतों की प्रतिक्रिया बता रहे हैं।
बुधवार को सीबीआई की टीम ने आईआईटी रुड़की पहुंचकर जांच पड़ताल की थी। आईआईटी निदेशक के संस्थान में मौजूद न होने के कारण टीम ने रजिस्ट्रार सहित अन्य अधिकारियों से बंद कमरे में कई महत्वपूर्ण जानकारियां जुटाईं हालांकि टीम के सदस्यों ने ज्यादा जानकारी न देते हुए एनआईटी श्रीनगर के उपकरण खरीद घोटाले के संदर्भ में जांच की बात कही थी।
लेकिन सूत्रों की माने तो बात इतनी ही नहीं है बल्कि टीम संस्थान के संबंध में की गई शिकायतों के मद्देनजर कई महत्वपूर्ण जानकारी जुटा कर ले गई है।
जांच को लेकर संस्थान में तरह-तरह की चर्चाएं
पूर्व में आईआईटी रुड़की के वैज्ञानिक ने संस्थान के खिलाफ कई शिकायतें राष्ट्रपति और मानव संसाधन विकास मंत्रालय से की थी। नाम न बताने की शर्त पर इन वैज्ञानिकों ने बताया कि संस्थान में फैकल्टी की नियुक्तियों में पारदर्शिता न बरते जाने की शिकायत की गई थी।
मनमाने तरीके से बिना किसी मानक के कम योग्यता वाले शिक्षकों को वरीयता दी गई। यही नहीं सबसे बड़ा मामला पिछले एक साल में संस्थान को केंद्र से मिलने वाले बजट में से एक भी पैसा प्रयोगशालाओं को उपकरणों के लिए न दिया जाना है।
सूत्रों की माने तो सारा बजट संस्थान की बिल्डिंग को बनाने और इन्हें चमकाने में खर्च किया गया है। इन शिकायतों के मद्देनजर और सीबीआई की जांच को लेकर संस्थान में तरह-तरह की चर्चाएं हैं।