{"_id":"5bc10468bdec2269724a6bcb","slug":"15393762049-rishikesh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"विशेषज्ञों ने साझा की हृदय रोग निदान की जानकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विशेषज्ञों ने साझा की हृदय रोग निदान की जानकारी
Updated Sat, 13 Oct 2018 02:00 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो/अमर उजाला/ऋषिकेश।
ऋषिकेश। इंडिया सोसायटी ऑफ एनेस्थीसिया की उत्तराखंड इकाई की ओर से तीन दिवसीय वार्षिक गोष्ठी एम्स में शुक्रवार से शुरू हुई। गोष्ठी में देश-दुनिया के विशेषज्ञों शामिल होंगे। पहले दिन एम्स के डिपार्टमेंट ऑफ एनेस्थीसिया एंड क्रिटिकल केयर विभाग के सहयोग से आयोजित गोष्ठी में डॉ. अजय ने ईको कार्डियोग्राफी विषयों में डेमोस्ट्रेशन के माध्यम से नवनीतम शोध एवं विकास की विस्तृत जानकारी दी। इसके अलावा विशेषज्ञों ने हृदय रोगियों को बेहोशी से संबंधित किसी भी प्रकार के जोखिम, खासकर ऑपरेशन से पहले व ऑपरेशन के दौरान सुरक्षित निगरानी पर प्रकाश डाला। आयोजन समिति अध्यक्ष डॉ. मुकेश त्रिपाठी और सचिव डॉ. अंकित अग्रवाल ने बताया कि गोष्ठी के अगले दो दिनों में विशेषज्ञ अपने शोध प्रस्तुति करेंगे। शनिवार को एम्स निदेशक प्रोफेसर डॉ. रवि कांत गोष्ठी में शामिल होंगे।
विज्ञापन
ऋषिकेश। इंडिया सोसायटी ऑफ एनेस्थीसिया की उत्तराखंड इकाई की ओर से तीन दिवसीय वार्षिक गोष्ठी एम्स में शुक्रवार से शुरू हुई। गोष्ठी में देश-दुनिया के विशेषज्ञों शामिल होंगे। पहले दिन एम्स के डिपार्टमेंट ऑफ एनेस्थीसिया एंड क्रिटिकल केयर विभाग के सहयोग से आयोजित गोष्ठी में डॉ. अजय ने ईको कार्डियोग्राफी विषयों में डेमोस्ट्रेशन के माध्यम से नवनीतम शोध एवं विकास की विस्तृत जानकारी दी। इसके अलावा विशेषज्ञों ने हृदय रोगियों को बेहोशी से संबंधित किसी भी प्रकार के जोखिम, खासकर ऑपरेशन से पहले व ऑपरेशन के दौरान सुरक्षित निगरानी पर प्रकाश डाला। आयोजन समिति अध्यक्ष डॉ. मुकेश त्रिपाठी और सचिव डॉ. अंकित अग्रवाल ने बताया कि गोष्ठी के अगले दो दिनों में विशेषज्ञ अपने शोध प्रस्तुति करेंगे। शनिवार को एम्स निदेशक प्रोफेसर डॉ. रवि कांत गोष्ठी में शामिल होंगे।