{"_id":"5babde51867a557f17446095","slug":"153799020411-rishikesh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कार्रवाई के दिन नहीं होगी किसी की सुनवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कार्रवाई के दिन नहीं होगी किसी की सुनवाई
Updated Thu, 27 Sep 2018 01:00 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कार्रवाई के दिन नहीं होगी किसी की सुनवाई
ब्यूरो/अमर उजाला/ऋषिकेश।
ऋषिकेश। तीर्थनगरी ऋषिकेश में सड़क और सरकारी भूमि से अवैध कब्जे हटाने के लिए करीब दो हजार नोटिस जारी किए जा चुके हैं। एसडीएम ने अतिक्रमणकारियों को चेताया है कि कार्रवाई के दिन किसी की नहीं सुनी जाएगी। इसके अलावा उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों से अतिक्रमण हटाओ अभियान के वक्त के लिए सभी इंतजाम चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए हैं।
एसडीएम हर गिरि बुधवार को अवैध कब्जे हटाने के मामले में की जा रही कार्रवाई की समीक्षा कर रहे थे। नगर निगम कार्यालय में आयोजित बैठक के दौरान उन्होंने पीडब्ल्यूडी, नगर निगम और लोक निर्माण विभाग नेशनल हाईवे डिवीजन डोईवाला के अधिकारियों से नोटिस से संबंधित फीडबैक लिया। इसके अलावा नोटिस देने के बाद सुनवाई और छूटे अतिक्रमणकारियों को भी नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। एसडीएम ने कहा कि अतिक्रमण हटाने के दौरान कोई सुनवाई नहीं होगा। लिहाजा, विभाग आपत्तियों का अतिशीघ्र निस्तारण कर लें।
एसडीएम ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश से संबंधित हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण (एचआरडीए) और अन्य विभागों ने कब्जाधारियों को लगभग दो हजार नोटिस जारी कर दिए हैं। कार्रवाई के लिए सभी संसाधन जुटाने के निर्देश अधिकारियों को पहले ही दे दिए गए हैं। एचआरडीए के अधिकारियों के साथ अलग से समीक्षा बैठक की जाएगी। बैठक में एनएच डोईवाला डिवीजन के सहायक अभियंता प्रवीण सक्सेना, सहायक नगर आयुक्त उत्तम सिंह नेगी, कर अधीक्षक निशात अंसारी, पीडब्ल्यूडी के कार्य अभिकर्ता विनोद भारती, अमीन सरदार सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
ब्यूरो/अमर उजाला/ऋषिकेश।
ऋषिकेश। तीर्थनगरी ऋषिकेश में सड़क और सरकारी भूमि से अवैध कब्जे हटाने के लिए करीब दो हजार नोटिस जारी किए जा चुके हैं। एसडीएम ने अतिक्रमणकारियों को चेताया है कि कार्रवाई के दिन किसी की नहीं सुनी जाएगी। इसके अलावा उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों से अतिक्रमण हटाओ अभियान के वक्त के लिए सभी इंतजाम चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए हैं।
एसडीएम हर गिरि बुधवार को अवैध कब्जे हटाने के मामले में की जा रही कार्रवाई की समीक्षा कर रहे थे। नगर निगम कार्यालय में आयोजित बैठक के दौरान उन्होंने पीडब्ल्यूडी, नगर निगम और लोक निर्माण विभाग नेशनल हाईवे डिवीजन डोईवाला के अधिकारियों से नोटिस से संबंधित फीडबैक लिया। इसके अलावा नोटिस देने के बाद सुनवाई और छूटे अतिक्रमणकारियों को भी नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। एसडीएम ने कहा कि अतिक्रमण हटाने के दौरान कोई सुनवाई नहीं होगा। लिहाजा, विभाग आपत्तियों का अतिशीघ्र निस्तारण कर लें।
विज्ञापन
एसडीएम ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश से संबंधित हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण (एचआरडीए) और अन्य विभागों ने कब्जाधारियों को लगभग दो हजार नोटिस जारी कर दिए हैं। कार्रवाई के लिए सभी संसाधन जुटाने के निर्देश अधिकारियों को पहले ही दे दिए गए हैं। एचआरडीए के अधिकारियों के साथ अलग से समीक्षा बैठक की जाएगी। बैठक में एनएच डोईवाला डिवीजन के सहायक अभियंता प्रवीण सक्सेना, सहायक नगर आयुक्त उत्तम सिंह नेगी, कर अधीक्षक निशात अंसारी, पीडब्ल्यूडी के कार्य अभिकर्ता विनोद भारती, अमीन सरदार सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन