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श्रीनगर में सेना की पेंशन अदालत शुरू
Updated Tue, 18 Sep 2018 10:00 PM IST
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श्रीनगर। सेना के तीनों अंगों (थल, वायु व नौसेना) के रिटायर्ड अधिकारियों, जवानों और उनके आश्रितों के पेंशन प्रकरणों के निस्तारण के लिए पेंशन अदालत शुरू हो गई है। पहले दिन ऑनलाइन सहित 365 शिकायतें दर्ज हुई, जिसमें से 200 का निस्तारण हुआ।
रक्षा लेखा प्रधान नियंत्रक (पेंशन) इलाहाबाद की ओर से उत्तराखंड समेत अन्य क्षेत्रों के सेवानिवृत्त सैन्य कर्मियों/अधिकारियों के लिए बिड़ला परिसर के एसीएल हॉल में दो दिवसीय अदालत लगाई गई है। अदालत का शुभारंभ पीसीडीए (पी) प्रवीण कुमार ने किया। इस दौरान सेना की ओर से बिड़ला परिसर में आर्मी बैंड का प्रदर्शन किया गया। पेंशन अदालत में बताया गया कि पूरे भारत में लगभग 30 लाख रक्षा पेंशनर्स हैं। इनमें से उत्तराखंड में 2 लाख 5 हजार हैं। बताया कि पेंशनर्स की समस्या का उन्हीं की मौजूदगी में समाधान हो, इसलिए पीसीडीए देश के विभिन्न हिस्सों में जाकर पेंशन अदालत लगाता है। अदालत में आए सेवानिवृत्त सैनिकों, अधिकारियों और उनके आश्रितों ने शिकायतों का पंजीकरण करवाया। अदालत के नोडल अधिकारी एसके शर्मा ने बताया कि मौके पर 234 शिकायतेें दर्ज की गई, जिसमें से 120 का निस्तारण हुआ। इसके अलावा 131 शिकायतें ऑन लाइन मिली थी, जिसमें से 80 का निस्तारण हो गया है। इस दौरान ही सेना ने दिव्यांग पूर्व सैनिकों को विशेष दुपहिया वाहन सौंपे। डीएम पौड़ी सुशील कुमार, पीसीडीए प्रवीण कुमार, पश्चिमी यूपी सब एरिया के जीओसी (जनरल ऑफिसर कमांडिंग) मेजर जनरल पीके साई, 6-माउंटेन बिग्रेड के कमांडर जीवीएस रेड्डी, कर्नल एके उनियाल, एसएसबी सीटीसी के डीआइजी उपेंद्र बलोदी आदि मौजूद थे। सेना ने तरसाली (कपकोट) निवासी नरेंद्र सिंह, लच्छम राम निवासी हरीदूर नायक(नैनीताल) और भूपेंद्र सिंह निवासी अमकोटी(पौड़ी) को स्कूटी की चाबी सौंपी।
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रक्षा लेखा प्रधान नियंत्रक (पेंशन) इलाहाबाद की ओर से उत्तराखंड समेत अन्य क्षेत्रों के सेवानिवृत्त सैन्य कर्मियों/अधिकारियों के लिए बिड़ला परिसर के एसीएल हॉल में दो दिवसीय अदालत लगाई गई है। अदालत का शुभारंभ पीसीडीए (पी) प्रवीण कुमार ने किया। इस दौरान सेना की ओर से बिड़ला परिसर में आर्मी बैंड का प्रदर्शन किया गया। पेंशन अदालत में बताया गया कि पूरे भारत में लगभग 30 लाख रक्षा पेंशनर्स हैं। इनमें से उत्तराखंड में 2 लाख 5 हजार हैं। बताया कि पेंशनर्स की समस्या का उन्हीं की मौजूदगी में समाधान हो, इसलिए पीसीडीए देश के विभिन्न हिस्सों में जाकर पेंशन अदालत लगाता है। अदालत में आए सेवानिवृत्त सैनिकों, अधिकारियों और उनके आश्रितों ने शिकायतों का पंजीकरण करवाया। अदालत के नोडल अधिकारी एसके शर्मा ने बताया कि मौके पर 234 शिकायतेें दर्ज की गई, जिसमें से 120 का निस्तारण हुआ। इसके अलावा 131 शिकायतें ऑन लाइन मिली थी, जिसमें से 80 का निस्तारण हो गया है। इस दौरान ही सेना ने दिव्यांग पूर्व सैनिकों को विशेष दुपहिया वाहन सौंपे। डीएम पौड़ी सुशील कुमार, पीसीडीए प्रवीण कुमार, पश्चिमी यूपी सब एरिया के जीओसी (जनरल ऑफिसर कमांडिंग) मेजर जनरल पीके साई, 6-माउंटेन बिग्रेड के कमांडर जीवीएस रेड्डी, कर्नल एके उनियाल, एसएसबी सीटीसी के डीआइजी उपेंद्र बलोदी आदि मौजूद थे। सेना ने तरसाली (कपकोट) निवासी नरेंद्र सिंह, लच्छम राम निवासी हरीदूर नायक(नैनीताल) और भूपेंद्र सिंह निवासी अमकोटी(पौड़ी) को स्कूटी की चाबी सौंपी।
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