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आरएसएस के प्रांत प्रचारक की क्लास में निपटा विवाद
Updated Mon, 11 Sep 2017 10:47 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
भाजपा विधायक स्वामी यतीश्वरानंद और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के बीच उपजा विवाद विवाद आरएसएस प्रांत प्रचारक युद्धवीर सिंह की क्लास में निपट गया। आरएसएस प्रांत प्रचारक ने एक ही परिवार के बीच हुए विवाद को लेकर नाराजगी भी जताई। पिछले तीन दिन से भाजपा में स्वामी यतीश्वरानंद की विद्यार्थी परिषद के कार्यकताओं से हुई भिड़ंत सुर्खियों में थी। छात्रों के के समर्थन में उतरे बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने तो सीधे प्रदेश सरकार को ही ललकारा था।
भाजपा विधायक और एबीवीपी के कार्यकर्ताओं के बीच हुए विवाद के तूल पकड़ने पर राष्ट्रीय स्वयं संघ भी सक्रिय हो गया था। रविवार शाम भेल के एक शिक्षण संस्थान में प्रांत प्रचारक युद्धवीर सिंह के समक्ष विधायक और एबीवीपी कार्यकर्ता पेश हुए। सूत्रों की मानें तो प्रांत प्रचारक के तेवर बेहद ही तल्ख थे और उन्हाेंने प्रकरण को लेकर गहरी नाराजगी जताई। प्रांत प्रचारक के गुस्से की वजह एक ही परिवार के सदस्य होने के बाद भी सार्वजनिक तौर पर झगड़ना था। आखिर में प्रांत प्रचारक ने विवाद को यहीं पर विराम लगा देने की बात कही और मुकदमे वापस लेने की हिदायत दी। ये भी कहा कि अब सार्वजनिक तौर पर इस पूरे प्रकरण को लेकर कोई एक- दूसरे पर कीचड़ नहीं उछालेगा। प्रांत प्रचारक के सामने दोनों ही पक्षों ने अपनी बात रखी। सबने उनकी हिदायत और नसीहत पर सिर हिला कर जवाब दिया। प्रांत प्रचार के समक्ष विधायक स्वामी यतीश्वरानंद के साथ लक्सर विधायक संजय गुप्ता, एबीवीपी के योगेश विद्यार्थी, भाजपा नेता अतुल चौहान आदि भी मौजूद रहे।
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विधायक आदेश ने बनाई रखी दूरी
हरिद्वार। चौहान बिरादरी से जुड़े इस प्रकरण से भाजपा विधायक आदेश चौहान ने दूरी बनाई रखी। चूंकि, आदेश चौहान भी स्वामी यतीश्वरानंद के साथ हर मुद्दे पर खड़े नजर आते है लेकिन इस बार वे विधायक के आश्रम पर हुए विवाद को लेकर साथ खड़े नजर नहीं आए। इसकी एक वजह चौहान बिरादरी से अध्यक्ष पद के उम्मीद रहे तरुण चौहान का होना है। भाजपा विधायक को सीधे सीधे चौहान बिरादरी का विरोध होना बताया जा रहा था, इसलिए विधायक आदेश चौहान पूरे प्रकरण से दूर ही रहे।
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