{"_id":"5b4a5f554f1c1b4d748b4bac","slug":"101531600725-dehradun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कैंट बोर्ड सीईओ ने पुलिस को भेजी रिपोर्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कैंट बोर्ड सीईओ ने पुलिस को भेजी रिपोर्ट
Updated Sun, 15 Jul 2018 02:16 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
रक्षा मंत्रालय की जमीन बेचने के मामले में रक्षा संपदा, कैंट बोर्ड, राजस्व विभाग और पुलिस के सर्वे के बाद गढ़ी कैंट बोर्ड के सीईओ ने शनिवार को इसकी रिपोर्ट पुलिस को सौंप दी है। इसके अलावा मामले की रिपोर्ट मध्य कमान के प्रधान निदेशक, प्रदेश के गृह मंत्री समेत अन्य को भी भेजी है।
गढ़ी कैंट बोर्ड के मुख्य अधिशासी अधिकारी (सीईओ) जाकिर हुसैन ने बताया कि वर्ष 2015 में किशन कुमार उर्फ कृष्ण कुमार कश्यप ने अपने साथियों के साथ मिलकर रक्षा मंत्रालय की 240 वर्गमीटर जमीन स्थानीय निवासी सचिन कुमार को बेच दी थी। जब सचिन जमीन पर कब्जा लेने पहुंचे तो उन्हें पता चला कि यह जमीन सेना की है। उन्होंने कैंट थाने में कृष्ण कुमार समेत पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। मामले में पुलिस ने कैंट बोर्ड से जमीन की वास्तविक स्थिति के बारे में जानकारी देने को कहा। जिस पर कैंट बोर्ड ने मामला रक्षा संपदा विभाग मेरठ को भेज दिया था। इस मामले में बीती 12 जुलाई को रक्षा संपदा, कैंट बोर्ड, राजस्व विभाग व पुलिस ने संयुक्त सर्वे किया था, जिसमें जमीन रक्षा मंत्रालय की होने की पुष्टि हुई थी। कैंट बोर्ड सीईओ के अनुसार जमीन बेचे जाने की रिपोर्ट सर्किट हाउस पुलिस चौकी को भेज दी गई है। इसके अलावा रिपोर्ट की प्रति मध्य कमान के प्रधान निदेशक व उत्तराखंड सब एरिया समेत उत्तराखंड के गृह मंत्री, प्रमुख सचिव गृह, पुलिस महानिदेशक आदि को भेजी गई है। मामले में कृष्ण कुमार पर मुकदमा भी दर्ज किया गया है। इसके अलावा सेना ने जमीन कब्जे में ले ली गई है।
विज्ञापन
रक्षा मंत्रालय की जमीन बेचने के मामले में रक्षा संपदा, कैंट बोर्ड, राजस्व विभाग और पुलिस के सर्वे के बाद गढ़ी कैंट बोर्ड के सीईओ ने शनिवार को इसकी रिपोर्ट पुलिस को सौंप दी है। इसके अलावा मामले की रिपोर्ट मध्य कमान के प्रधान निदेशक, प्रदेश के गृह मंत्री समेत अन्य को भी भेजी है।
गढ़ी कैंट बोर्ड के मुख्य अधिशासी अधिकारी (सीईओ) जाकिर हुसैन ने बताया कि वर्ष 2015 में किशन कुमार उर्फ कृष्ण कुमार कश्यप ने अपने साथियों के साथ मिलकर रक्षा मंत्रालय की 240 वर्गमीटर जमीन स्थानीय निवासी सचिन कुमार को बेच दी थी। जब सचिन जमीन पर कब्जा लेने पहुंचे तो उन्हें पता चला कि यह जमीन सेना की है। उन्होंने कैंट थाने में कृष्ण कुमार समेत पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। मामले में पुलिस ने कैंट बोर्ड से जमीन की वास्तविक स्थिति के बारे में जानकारी देने को कहा। जिस पर कैंट बोर्ड ने मामला रक्षा संपदा विभाग मेरठ को भेज दिया था। इस मामले में बीती 12 जुलाई को रक्षा संपदा, कैंट बोर्ड, राजस्व विभाग व पुलिस ने संयुक्त सर्वे किया था, जिसमें जमीन रक्षा मंत्रालय की होने की पुष्टि हुई थी। कैंट बोर्ड सीईओ के अनुसार जमीन बेचे जाने की रिपोर्ट सर्किट हाउस पुलिस चौकी को भेज दी गई है। इसके अलावा रिपोर्ट की प्रति मध्य कमान के प्रधान निदेशक व उत्तराखंड सब एरिया समेत उत्तराखंड के गृह मंत्री, प्रमुख सचिव गृह, पुलिस महानिदेशक आदि को भेजी गई है। मामले में कृष्ण कुमार पर मुकदमा भी दर्ज किया गया है। इसके अलावा सेना ने जमीन कब्जे में ले ली गई है।
विज्ञापन