छत्तीसगढ़ बंद के दौरान बवाल: बीरनपुर में मकान फूंका, ब्लास्ट में बचे IG; भाजपा प्रदेश अध्यक्ष साव गिरफ्तार
बीरनपुर गांव में दो समुदायों के लड़कों के बीच विवाद हो गया था। इसके बाद इसमें बड़े भी शामिल हो गए। इस दौरान एक युवक की हत्या कर दी गई। घटना के विरोध में विश्व हिंदू परिषद ने 10 अप्रैल को छत्तीसगढ़ बंद का आह्वान किया था।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
छत्तीसगढ़ में सोमवार को बुलाए गए बंद के दौरान जमकर बवाल हुआ। बेमेतरा के साजा में उपद्रवियों ने जमकर उत्पात मचाया। इस दौरान बीरनपुर गांव में उप्रदवियों ने एक मकान फूंक दिया। इसके चलते वहां रखा सिलेंडर ब्लास्ट हो गया। इसमें आईजी आनंद छाबड़ा बाल-बाल बच गए। हालांकि मकान में कोई था या नहीं, इसकी जानकारी अभी तक नहीं मिल सकी है। बीरनपुर वही गांव है, जहां हिंसक घटना के दौरान युवक की हत्या कर दी गई थी। इसी के विरोध में विश्व हिंदू परिषद ने बंद बुलाया था। इस दौरान वहां पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव को गिरफ्तार कर लिया गया है।
यह भी पढ़ें...Raipur: बीजेपी बोली- छत्तीसगढ़ बना 'मिनी पाकिस्तान', कांग्रेस ने कहा- ये छत्तीसगढ़ी महतारी का अपमान, माफी मांगो
रायपुर में बस पर पथराव, बेमेतरा में उग्र प्रदर्शन
बंद के समर्थन में भाजपा और हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता सड़क पर उतर आए और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। हंगामा राजधानी रायपुर से ही शुरू हुआ। जहां उपद्रवियों ने रावणभाठा अंतरराज्यीय बस स्टैंड से संचालन रोकने के लिए एक बस पर पथराव कर दिया। शहर के सभी बाजार और मॉल बंद करा दिए गए। विरोध की यह आग बेमेतरा तक भी पहुंच गई। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव दोपहर करीब 12 बजे पीड़ित परिवार से मिलने के लिए निकले, लेकिन पुलिस ने उन्हें साजा में रोक लिया। इसके बाद भी नहीं रुके और बैरिगेट तोड़ते हुए आगे बढ़ गए। हालांकि उन्हें बीरनपुर में नहीं घुसने दिया गया।
यह भी पढ़ें...बेमेतरा हिंसा: रायपुर के कई स्कूलों में छुट्टी, यात्री बस पर पथराव, पुलिस ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर
पुलिस ने उपद्रवियों को खदेड़ा
इस दौरान उपद्रवियों ने गांव में एक झोपड़ीनुमा मकान में आग लगा दी। पुलिस और फायरब्रिगेड मौके पर पहुंची, लेकिन इससे पहले ही वहां जोरदार धमाका हुआ। इसके बाद भगदड़ मच गई। उपद्रव में एक पत्रकार भी घायल हो गया। किसी तरह से पुलिसकर्मियों ने उसे बचाकर बाहर निकाला। माहौल बिगड़ता देख आईजी आनंद छाबड़ा ने कमान संभाली और उपद्रवियों को खदेड़ा गया। इसके बाद फिर बिरनपुर-सहसपुर रोड पर लोगों की भीड़ पहुंची। सभी को बैरिकेडिंग लगाकर रोका गया है। किसी को भी गांव में जाने नहीं दिया जा रहा है। बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है।
यह भी पढ़ें...छत्तीसगढ़ बंद: बेमेतरा में युवक की हत्या को लेकर BJP समेत कई संगठनों में भारी आक्रोश, देखें जिलों की तस्वीरें
भाजपा नेताओं को गिरफ्तार कर लाया गया सर्किट हाउस
इस बीच भाजपा अध्यक्ष अरुण साव गांव से करीब तीन किमी पहले ही धरना देकर बैठ गए। पुलिस ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, पर वह मानने को तैयार नहीं थे। इस पर करीब छह घंटे बाद पुलिस ने साव सहित 11 लोगों को शाम करीब 7 बजे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए लोगों में पूर्व सांसद लखन साहू, भाजपा जिला अध्यक्ष ओमप्रकाश जोशी, भाजपा प्रवक्ता अमित चिनवानी सहित कई बड़े नेता शामिल हैं। इन सभी को सर्किट हाउस में रखा गया है। वहीं सर्किट हाउस लाने के दौरान अरुण साव ने पुलिस की गाड़ी से ही हिंसा में मारे गए भुनेश्वर साहू के पिता से बात कर संवेदना प्रकट की।
पूरे प्रदेश में दिखा बंद का व्यापक असर
हिंदू संगठनों की ओर से बुलाए गए इस बंद का प्रदेश में व्यापक असर दिखाई दिया। बेमेतरा से लेकर बस्तर तक बाजार बंद रहे। हालांकि रायपुर और बेमेतरा को छोड़कर कहीं से हिंसा की खबरें नहीं आई हैं। जगदलपुर, कांकेर में जहां बाजार पूरी तरह से बंद रहे। वहीं बीजापुर में आवापल्ली को छोड़ कहीं भी दुकानों के शटर नहीं खुले। यही हाल गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, महासमुंद और अन्य जिलों में भी दिखाई दिया। भिलाई में कार्यकर्ताओं ने हाइवे जाम किया, तो महासमुंद में रैली निकालकर प्रदर्शन किया गया। कोरबा और बिलासपुर में बंद का मिला-जुला असर देखने को मिला है।
यह भी पढ़ें...बेमेतरा बवाल, छत्तीसगढ़ कल बंद: दो समुदायों में विवाद के बाद धारा-144 लगाई, देर रात गांव पहुंचे भाजपा नेता
युवक की हत्या के विरोध में बुलाया गया बंद
दरअसल, 8 अप्रैल को बीरनपुर गांव में दो समुदायों के लड़कों के बीच विवाद हो गया था। इसके बाद इसमें बड़े भी शामिल हो गए। इस दौरान एक युवक की हत्या कर दी गई। घटना के विरोध में विश्व हिंदू परिषद ने 10 अप्रैल को छत्तीसगढ़ बंद का आह्वान किया था। इसे देखते हुए जहां बीरनपुर में धारा-144 लगा दी गई थी, वहीं पूरे प्रदेश में भी पुलिस फोर्स सड़कों पर थी। राजधानी रायपुर में स्कूलों को बंद कर दिया गया था। साथ ही प्रदेश के करीब सभी जिलों में बंद का व्यापक असर दिखाई दिया। दुकानें, बाजार सब बंद रहे। इस बंद को छत्तीसगढ़ चैंबर्स ऑफ कॉमर्स ने भी अपना समर्थन दिया।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.