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नशा करने से रोकने पर कत्ल: केश काटकर नाले में फेंका भाई का शव, मां की लाश के टुकड़े-टुकड़े कर जलाता रहा आरोपी
Mon, 03 Jul 2023 09:40 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, पटियाला
अमर उजाला नेटवर्क, पटियाला
Published by: शाहरुख खान
Updated Mon, 03 Jul 2023 09:40 AM IST
सार
पटियाला से सनसनीखेज खबर सामने आई है। यहां एक युवक ने नशा करने से रोकने पर मां और भाई की हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी ने भाई के केश काटकर शव नाले में फेंक दिया। इसके बाद मां की लाश के टुकड़े-टुकड़े करके घर में जला दिए।
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मां-बेटे की हत्या
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
पंजाब के पटियाला क्षेत्र के पातड़ां के गांव कांगथला में एक नशेड़ी युवक की ओर से अपने दो साथियों के साथ मिलकर अपनी मां व सौतेले भाई पर लोहे के सबल के साथ वार करके निर्ममता से कत्ल करने का मामला सामने आया है।
वारदात के बाद गुनाह छिपाने के लिए आरोपी ने मां की लाश के टुकड़े-टुकड़े करके तेल डालकर इसे घर में ही जला दिया, जबकि भाई की लाश को पास पड़ती कैथल-खन्नौरी ड्रेन में फेंक दिया। थाना शुतराणा पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है, लेकिन फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
मृतकों की पहचान परमजीत कौर (50) व जसविंदर सिंह (20) के तौर पर हुई है। आरोपियों में परमजीत कौर का बड़ा बेटा गुरविंदर सिंह उर्फ गिंदा (28) व उसके दो दोस्त रजिंदर सिंह उर्फ राजा व रणजीत सिंह उर्फ राणा शामिल हैं।
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थाना शुतराणा इंचार्ज मनप्रीत सिंह ने बताया कि शनिवार रात करीब दो बजे गश्त के दौरान वह पुलिस पार्टी के साथ सागरा पुल पर मौजूद थे। इसी दौरान गांव कांगथला निवासी भगवान सिंह ने पुलिस टीम को जानकारी दी कि उसके ताया की बेटी परमजीत कौर गांव कांगथला में ही ब्याही हुई है।
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वारदात के बाद गुनाह छिपाने के लिए आरोपी ने मां की लाश के टुकड़े-टुकड़े करके तेल डालकर इसे घर में ही जला दिया, जबकि भाई की लाश को पास पड़ती कैथल-खन्नौरी ड्रेन में फेंक दिया। थाना शुतराणा पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है, लेकिन फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
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मृतकों की पहचान परमजीत कौर (50) व जसविंदर सिंह (20) के तौर पर हुई है। आरोपियों में परमजीत कौर का बड़ा बेटा गुरविंदर सिंह उर्फ गिंदा (28) व उसके दो दोस्त रजिंदर सिंह उर्फ राजा व रणजीत सिंह उर्फ राणा शामिल हैं।
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थाना शुतराणा इंचार्ज मनप्रीत सिंह ने बताया कि शनिवार रात करीब दो बजे गश्त के दौरान वह पुलिस पार्टी के साथ सागरा पुल पर मौजूद थे। इसी दौरान गांव कांगथला निवासी भगवान सिंह ने पुलिस टीम को जानकारी दी कि उसके ताया की बेटी परमजीत कौर गांव कांगथला में ही ब्याही हुई है।
परमजीत कौर के पड़ोसी प्रहलाद सिंह ने उसे फोन करके बताया है कि उसकी बहन के घर से धुआं उठ रहा है और कुछ जलाए जाने की भी बदबू आ रही है। इस पर जब वह गांव के कुछ गणमान्य लोगों के साथ अपनी बहन के घर पहुंचा, तो वहां परमजीत कौर व उसका छोटा बेटा मौजूद नहीं थे।
उन्हें देखते ही घर से गुरविंदर सिंह अपने दोनों दोस्तों के साथ मौके से फरार हो गया। शक होने जब भगवान सिंह व अन्य लोगों ने आसपास देखा, तो घर में खून के धब्बे थे और कुछ जली हुई हडि्डयां व कपड़े एक कोने में पड़े थे।
इसके आधार पर तुरंत पुलिस टीम मौके पर गई और भगवान सिंह के बयान दर्ज करके मृतक परमजीत कौर के कंकाल को बरामद कर लिया। पुलिस ने तीनों आरोपियों को हत्या के केस में नामजद कर लिया है, लेकिन अभी किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
बाल काट कर भाई की लाश को ड्रेन में फेंका, ताकि न हो सके पहचान
बताया जा रहा है कि आरोपियों ने अमृतधारी जसविंदर सिंह के केसों को काटने के बाद उसकी लाश को ड्रेन में फेंका था, ताकि पहचान न हो सके। यही वजह है कि गोताखोरों ने जब लाश बरामद की, तो खन्नौरी पुलिस ने इसे 72 घंटे मोर्चरी में रखा। लेकिन पहचान न होने के बाद 28 जून को शव का संस्कार करा दिया था। आज रिश्तेदारों की ओर से जसविंदर सिंह के फूलों की रस्म अदा की गई। उधर थाना इंचार्ज मनप्रीत सिंह का कहना है कि पुलिस अभी पक्के तौर पर खन्नौरी पुलिस द्वारा बरामद शव को जसविंदर सिंह के होने का नहीं कह सकती है। डीएनए जांच कराई जाएगी।
बताया जा रहा है कि आरोपियों ने अमृतधारी जसविंदर सिंह के केसों को काटने के बाद उसकी लाश को ड्रेन में फेंका था, ताकि पहचान न हो सके। यही वजह है कि गोताखोरों ने जब लाश बरामद की, तो खन्नौरी पुलिस ने इसे 72 घंटे मोर्चरी में रखा। लेकिन पहचान न होने के बाद 28 जून को शव का संस्कार करा दिया था। आज रिश्तेदारों की ओर से जसविंदर सिंह के फूलों की रस्म अदा की गई। उधर थाना इंचार्ज मनप्रीत सिंह का कहना है कि पुलिस अभी पक्के तौर पर खन्नौरी पुलिस द्वारा बरामद शव को जसविंदर सिंह के होने का नहीं कह सकती है। डीएनए जांच कराई जाएगी।
नशे करने से रोकती थी मां, पैसों को लेकर अकसर होता था लड़ाई-झगड़ा
पुलिस के मुताबिक आरोपी गुरविंदर सिंह नशे की बुरी लत का शिकार था। इसी वजह से उसकी पत्नी भी उसे छोड़कर चली गई थी। मां व छोटा भाई उसके नशे करने का विरोध करते थे। नशे के लिए आरोपी अपनी मां से पैसे मांगता था, लेकिन वह मना करती थी। जिसे लेकर भी अकसर लड़ाई-झग़डा रहता था।
पुलिस के मुताबिक आरोपी गुरविंदर सिंह नशे की बुरी लत का शिकार था। इसी वजह से उसकी पत्नी भी उसे छोड़कर चली गई थी। मां व छोटा भाई उसके नशे करने का विरोध करते थे। नशे के लिए आरोपी अपनी मां से पैसे मांगता था, लेकिन वह मना करती थी। जिसे लेकर भी अकसर लड़ाई-झग़डा रहता था।
कईं दिनों से गांव में दिखाई नहीं दे रहे थे मां-बेटा
जानकारी के मुताबिक 23 जून से परमजीत कौर व उसका बेटा गांव में दिखाई नहीं दे रहे थे। जिससे पता लगता है कि आरोपियों ने वारदात को कईं दिन पहले अंजाम दिया था। जिसका खुलासा अब जाकर हुआ है। पुलिस अभी इस पर चुप्पी साधे है। कहा जा रहा है कि सोमवार को उच्चाधिकारी पत्रकार वार्ता करके पूरी जानकारी देंगे।
जानकारी के मुताबिक 23 जून से परमजीत कौर व उसका बेटा गांव में दिखाई नहीं दे रहे थे। जिससे पता लगता है कि आरोपियों ने वारदात को कईं दिन पहले अंजाम दिया था। जिसका खुलासा अब जाकर हुआ है। पुलिस अभी इस पर चुप्पी साधे है। कहा जा रहा है कि सोमवार को उच्चाधिकारी पत्रकार वार्ता करके पूरी जानकारी देंगे।
ढाई किला जमीन की मालकिन थी परमजीत कौर, पहले पति की संतान था आरोपी गुरविंदर
पुलिस के मुताबिक परमजीत कौर की पहली शादी गांव असमानपुर के रहने वाले जानपाल सिंह के साथ हुई थी। इस शादी से आरोपी गुरविंदर सिंह पैदा हुआ था। शादी के थोड़े समय के बाद जानपाल सिंह जर्मन चला गया और फिर वापस नहीं लौटा।
पुलिस के मुताबिक परमजीत कौर की पहली शादी गांव असमानपुर के रहने वाले जानपाल सिंह के साथ हुई थी। इस शादी से आरोपी गुरविंदर सिंह पैदा हुआ था। शादी के थोड़े समय के बाद जानपाल सिंह जर्मन चला गया और फिर वापस नहीं लौटा।
जिस पर परिवार वालों ने परमजीत कौर की दूसरी शादी रघुवीर सिंह निवासी गांव दताल से करा दी। साल 2008 में यह लोग जमीन बेच कर गांव कांगथला रहने लगे। दूसरी शादी से परमजीत कौर के जसविंदर सिंह पैदा हुआ। इनके पास करीब ढाई किला जमीन है। दूसरे पति रघुवीर सिंह की साल 2011 में मौत हो गई थी।