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जुगाड़ के पानी से मजदूर बुझा रहे हैं प्यास, पानी की समस्या के जूझ रहे हैं सेक्टर 26 मंडी के मजदूर
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चंडीगढ़। सेक्टर-26 मंडी में मजदूर पिछले चार महीने से पेय जल की समस्या से जूझ रहे हैं। मंडी में पानी की सुविधा न होने के कारण उन्हें पेयजल के लिए इधर- उधर भटकना पड़ता है। कुछ लोग तो अपने घर से पानी ले आते हैं तो कुछ लोगों को जुगाड़ करके अपनी प्यास बुझानी पड़ती है। वहीं कुछ लोग बोतल बंद पानी खरीदकर प्यास बुझा रहे हैं।
मंडी के जीप टेम्पों एकता यूनियन और रेहड़ी फड़ी यूनियन के मजदूर सुनील तिवारी ने बताया कि मंडी में चार पानी की टंकी थी, लेकिन जब मंडी सेक्टर-17 शिफ्ट हुई, तभी से सारे नल बंद कर दिए गए हैं। मंडी में इस समय लगभग एक हजार से अधिक मजदूर रोजाना आते हैं। उनको अपनी प्यास बुझाने के लिए पानी की बोतल खरीदनी पड़ती है। इस संकट में समय एक तरफ जहां उनके दो वक्त की रोटी पर लाले पड़े हैं, वहीं पानी की बोतल उनकी आर्थिक स्थिति को और बिगाड़ रही है। उन्होंने बताया कि इस समस्या को लेकर वे लोग नगर निगम के समझ प्रदर्शन भी कर चुके है, लेकिन उनकी समस्या जस की तस बनी हुई है।
मार्केट कमेटी के जनरल सेक्रेटरी जरनैल सिंह ने बताया कि उन्हें इस समस्या की कोई जानकारी नहीं है। उन्हें इस बारे में किसी मजदूर ने अवगत नहीं कराया है। उन्होंने कहा कि सेक्टर 17 में मंडी शिफ्ट होने के बाद वहां पर मजदूरों को सारी सुविधाएं दी गई हैं। अगर किसी मजदूर को सेक्टर 26 मंडी में इस तरह की समस्या का सामना करना पड़ रहा है तो वह मार्केट कमेटी से आकर बात करें। अगर समस्या उनके अधिकार क्षेत्र में आती है तो वह उसका समाधान अवश्य करेंगे।
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मंडी के जीप टेम्पों एकता यूनियन और रेहड़ी फड़ी यूनियन के मजदूर सुनील तिवारी ने बताया कि मंडी में चार पानी की टंकी थी, लेकिन जब मंडी सेक्टर-17 शिफ्ट हुई, तभी से सारे नल बंद कर दिए गए हैं। मंडी में इस समय लगभग एक हजार से अधिक मजदूर रोजाना आते हैं। उनको अपनी प्यास बुझाने के लिए पानी की बोतल खरीदनी पड़ती है। इस संकट में समय एक तरफ जहां उनके दो वक्त की रोटी पर लाले पड़े हैं, वहीं पानी की बोतल उनकी आर्थिक स्थिति को और बिगाड़ रही है। उन्होंने बताया कि इस समस्या को लेकर वे लोग नगर निगम के समझ प्रदर्शन भी कर चुके है, लेकिन उनकी समस्या जस की तस बनी हुई है।
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मार्केट कमेटी के जनरल सेक्रेटरी जरनैल सिंह ने बताया कि उन्हें इस समस्या की कोई जानकारी नहीं है। उन्हें इस बारे में किसी मजदूर ने अवगत नहीं कराया है। उन्होंने कहा कि सेक्टर 17 में मंडी शिफ्ट होने के बाद वहां पर मजदूरों को सारी सुविधाएं दी गई हैं। अगर किसी मजदूर को सेक्टर 26 मंडी में इस तरह की समस्या का सामना करना पड़ रहा है तो वह मार्केट कमेटी से आकर बात करें। अगर समस्या उनके अधिकार क्षेत्र में आती है तो वह उसका समाधान अवश्य करेंगे।
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