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अब फिल्म देखने के लिए नहीं जाना पड़ेगा शहर
अखिल तलवार / मोहाली
Updated Wed, 11 Dec 2013 09:13 AM IST
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देश में पहली बार पंजाब में रूरल सिनेमा शुरू होगा। जिसमें कुछ गांवों का क्लस्टर बनाकर एक सिनेमा हॉल बनाया जाएगा। ऐसा प्रयोग अभी तक देश भर में कहीं भी नहीं किया गया है।
इंडस्ट्री विभाग के मुख्य संसदीय सचिव एनके शर्मा ने बताया कि योजना तैयार कर ली गई है। बहुत जल्द इसे अमलीजामा पहनाया जाएगा।
शर्मा ने बताया कि रूरल सिनेमा का कॉन्सेप्ट गांवों के लोगों की सहूलियत के लिए तैयार किया गया है। गांव के लोगों को दूर-दराज बड़े शहरों में फिल्म देखने के लिए जाना पड़ता है। जिसमें खर्च भी ज्यादा होता है।
इसलिए सरकार की कोशिश है कि उनके घर के पास ही उनका मनोरंजन भी हो जाए और जागरूकता भी पैदा की जा सके।
इसलिए दस गांवों का क्लस्टर बनाकर एक सिनेमा हॉल बनाने की योजना बनाई गई है। यह छोटे सिनेमा हॉल पचास से सौ सीटों के होंगे।
जिनमें हिंदी-पंजाबी फिल्मों के अलावा खेतीबाड़ी एवं सेहत जागरूकता कार्यक्रम भी दिखाए जाएंगे। फसलों और मौसमी बीमारियों के बारे में लोगों को जागरूक किया जाएगा। ये प्रोजेक्ट पब्लिक-प्राइवेट-पार्टनरशिप मोड में सिरे चढ़ेगा।
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उन्होंने बताया कि सरकार पंजाब में फिल्मों की शूटिंग को बढ़ावा देने की भी योजना बना रही है। ताकि ब्रांड पंजाब की सब जगह ब्रांडिंग हो। इसलिए नई नीति तैयार की गई है, जिसका ऐलान जल्द किया जाएगा।
नई नीति में जिन फिल्मों की शूटिंग पंजाब में होगी, उन्हें टैक्स में छूट दी जाएगी। फिल्म में जितनी देर पंजाब दिखेगा, उसी के मुताबिक टैक्स में कम या ज्यादा छूट दी जाएगी। इससे पंजाबी फिल्मों के निर्माण को भी बढ़ावा मिलेगा।
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इंडस्ट्री विभाग के मुख्य संसदीय सचिव एनके शर्मा ने बताया कि योजना तैयार कर ली गई है। बहुत जल्द इसे अमलीजामा पहनाया जाएगा।
शर्मा ने बताया कि रूरल सिनेमा का कॉन्सेप्ट गांवों के लोगों की सहूलियत के लिए तैयार किया गया है। गांव के लोगों को दूर-दराज बड़े शहरों में फिल्म देखने के लिए जाना पड़ता है। जिसमें खर्च भी ज्यादा होता है।
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इसलिए सरकार की कोशिश है कि उनके घर के पास ही उनका मनोरंजन भी हो जाए और जागरूकता भी पैदा की जा सके।
इसलिए दस गांवों का क्लस्टर बनाकर एक सिनेमा हॉल बनाने की योजना बनाई गई है। यह छोटे सिनेमा हॉल पचास से सौ सीटों के होंगे।
जिनमें हिंदी-पंजाबी फिल्मों के अलावा खेतीबाड़ी एवं सेहत जागरूकता कार्यक्रम भी दिखाए जाएंगे। फसलों और मौसमी बीमारियों के बारे में लोगों को जागरूक किया जाएगा। ये प्रोजेक्ट पब्लिक-प्राइवेट-पार्टनरशिप मोड में सिरे चढ़ेगा।
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उन्होंने बताया कि सरकार पंजाब में फिल्मों की शूटिंग को बढ़ावा देने की भी योजना बना रही है। ताकि ब्रांड पंजाब की सब जगह ब्रांडिंग हो। इसलिए नई नीति तैयार की गई है, जिसका ऐलान जल्द किया जाएगा।
नई नीति में जिन फिल्मों की शूटिंग पंजाब में होगी, उन्हें टैक्स में छूट दी जाएगी। फिल्म में जितनी देर पंजाब दिखेगा, उसी के मुताबिक टैक्स में कम या ज्यादा छूट दी जाएगी। इससे पंजाबी फिल्मों के निर्माण को भी बढ़ावा मिलेगा।