फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Will have to wait for Panchayat elections in Haryana

Haryana Panchayat Election: दिसंबर तक करना होगा इंतजार, सरकार ने हाईकोर्ट में मांगी चुनाव की अनुमति, जवाब के लिए याची ने मांगी मोहलत

Tue, 12 Oct 2021 11:02 PM IST
Trainee Trainee न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: Trainee Trainee Updated Tue, 12 Oct 2021 11:02 PM IST
सार

सरकार दो फेज में चुनाव करवाना चाहती है। पहले फेज में ग्राम पंचायत और दूसरे फेज में पंचायत समीति और जिला परिषद के चुनाव का प्रस्ताव है। सरकार ने कहा कि पहले उनकी ओर से कोर्ट में कहा गया था कि निकट भविष्य में सरकार चुनाव नहीं करवाएगी, ऐसे में अब चुनाव करवाने के लिए न्यायालय की अनुमति आवश्यक है।

विज्ञापन
Will have to wait for Panchayat elections in Haryana
पंचायत चुनाव। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पंचायत चुनाव में आरक्षण के प्रावधान में विसंगतियों को लेकर दाखिल याचिका पर हरियाणा सरकार द्वारा चुनाव के लिए मांगी गई मंजूरी की अर्जी पर याचिकाकर्ताओं ने पक्ष रखने के लिए समय मांगा है। इस पर हाईकोर्ट ने सुनवाई 30 नवंबर तक टाल दी है, जिससे चुनाव के लिए अभी लंबा इंतजार करना होगा। हरियाणा सरकार अंडरटेकिंग दे चुकी है कि बिना अनुमति के चुनाव नहीं होेंगे।

विज्ञापन


हाईकोर्ट में अर्जी दाखिल करते हुए हरियाणा सरकार ने कहा था कि प्रदेश में पंचायतों का कार्यकाल 23 फरवरी को समाप्त हो चुका है। पंचायती राज एक्ट के दूसरे संशोधन के कुछ प्रावधान को हाईकोर्ट में चुनौती दी जा चुकी है। सरकार ने कहा कि बीते दिनों कोरोना के प्रकोप के चलते चुनाव न करवाने का निर्णय लिया था। अब स्थिति बेहतर हो गई है इसलिए चुनाव करवाए जा सकते हैं।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: सोनीपत: झूठी शान के लिए परिवार के तीन लोगों की हत्या के दोषी को फांसी की सजा, 2016 में पूरे परिवार को मारी थी गोलियां
विज्ञापन
विज्ञापन


सरकार दो फेज में चुनाव करवाना चाहती है। पहले फेज में ग्राम पंचायत और दूसरे फेज में पंचायत समीति और जिला परिषद के चुनाव का प्रस्ताव है। सरकार ने कहा कि पहले उनकी ओर से कोर्ट में कहा गया था कि निकट भविष्य में सरकार चुनाव नहीं करवाएगी, ऐसे में अब चुनाव करवाने के लिए न्यायालय की अनुमति आवश्यक है। हाईकोर्ट में सरकार की अर्जी पर अब याची पक्ष ने जवाब के लिए समय मांग लिया है। ऐसे में अब चुनाव का मामला दिसंबर तक लटक गया है।


यह है मामला
गुरुग्राम के प्रवीण चौहान व अन्य ने 15 अप्रैल 2021 को हरियाणा पंचायती राज अधिनियम 2020 में किए गए संशोधन को भेदभावपूर्ण और असंवैधानिक बताते हुए चुनौती दी थी। कोर्ट को बताया गया कि अधिनियम में संशोधन कर अब सीटों का 8 प्रतिशत बीसी-ए श्रेणी के लिए आरक्षित करना अनिवार्य है और न्यूनतम 2 सीटों का आरक्षण अनिवार्य है। हरियाणा में 8 प्रतिशत के अनुसार केवल छह जिले हैं जहां 2 सीटें आरक्षण के लिए बचती हैं।

18 जिलों में केवल 1 सीट आरक्षित की जानी है जबकि सरकार के नए प्रावधानों के अनुसार न्यूनतम 2 सीटे अनिवार्य हैं। हाईकोर्ट ने कहा था कि सरकार चाहे तो आरक्षण के नए प्राविधान को निलंबित कर पुराने नियमों के तहत चुनाव करवा सकती है। खंडपीठ ने कहा कि सरकार ने अंडरटेकिंग दी है कि याचिका का निपटारा होने तक निकट भविष्य में चुनाव नहीं करवाएगी। कोर्ट ने सरकार को अंडरटेकिंग पर रुख स्पष्ट करने या पुराने नियमों के तहत चुनाव करवाने का आदेश दिया था। अब सरकार ने कहा ने अंडरटेकिंग वापस लेने के लिए अर्जी दायर की है और बताया है कि वह पंचायत चुनाव के लिए तैयार है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed