फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Uniform for health workers from March 1

Chandigarh News: स्वास्थ्य कर्मियों की यूनिफार्म एक मार्च से, हर जिले में स्थापित होगी एनएबीएल लैब

Tue, 30 Jan 2024 04:26 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Tue, 30 Jan 2024 04:26 AM IST
विज्ञापन
Uniform for health workers from March 1
स्वास्थ्य मंत्री से 15 से ज्यादा एसोसिएशन ने की मुलाकात, सभी मांगों को हर संभव तरीके से पूरा करने का दिया आश्वासन
विज्ञापन


अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा के सभी नागरिक अस्पतालों व स्वास्थ्य संस्थाओं में विभिन्न श्रेणी के कार्यरत कर्मचारियों की यूनिफार्म एक मार्च से लागू हो जाएगी। वहीं, राज्य के प्रत्येक जिले में एनएबीएल प्रयोगशाला को स्थापित किया जाएगा ताकि लोगों की जांच उच्च स्तर पर की जा सकें। यह जानकारी स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग से संबंधित विभिन्न एसोसिएशन के पदाधिकारियों के साथ सोमवार को हुई बैठकों में कही। विज ने कहा कि वे चाहते हैं कि राज्य के प्रत्येक जिले में एनएबीएल प्रयोगशाला स्थापित की जाए ताकि लोगों को उच्च गुणवत्तापरक जांच उपलब्ध हो सकें। उन्होंने हरियाणा राज्य लैब टेक्नीशियन एसोसिएशन के पदाधिकारियों से आग्रह करते हुए कहा कि वे राज्य में सभी प्रयोगशालाओं को एनएबीएल करवाने में अपना पूरा सहयोग दें ताकि लोगों में विश्वास बनें। उन्होंने कहा कि 100 बिस्तर से ऊपर के सभी अस्पतालों में एनएबीएल लैब होनी चाहिए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों से लैब टेक्निशियनों की भर्ती के लिए निर्देशित किया। इसके अलावा, हरियाणा राज्य कौशल रोजगार निगम के माध्यम से भी टेक्नीशियनों की भर्ती करने के भी निर्देश दिए। स्वास्थ्य मंत्री ने सोमवार को करीब 15 एसोसिएशनों के पदाधिकारियों से बातचीत की और उनकी मांगों को हर संभव तरीके से पूरा करवाने का आश्वासन भी दिया।


पीजी करने पर बॉन्ड राशि एक करोड़ से घटाकर 50 लाख करने पर सहमत
हरियाणा सिविल मेडिकल सर्विसेज एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने भी स्वास्थ्य मंत्री के साथ बैठक की। बैठक में चार प्रमुख मांगों को लेकर चर्चा हुई, जिस पर अधिकांश मांगों पर विज ने सहमति जताई। बैठक में एसएमओ की भर्ती नहीं करने और पदोन्नति से बनाने की बात रखी गई, जिस पर मंत्री ने सहमति जताई साथ ही नियमों में बदलाव का निर्देश दिया। इसके अलावा चार एसीपी लगाने को लेकर लंबी चर्चा हुई, जिस पर बाकी स्टेट की समीक्षा कर भत्ते लगाए जाने का रास्ता निकाला गया। विज ने तीन एसीपी को लेकर पॉजिटिव रुख दिखाया है। एसोसिएशन की ओर से 4, 9 और 13, 20 की वर्ष अवधि को लेकर एसीपी की मांग रखी, इस पर 4 से 9, 13 तक वर्षों पर सकारात्मक रास्ता निकालने की बात हुई। वहीं, डाक्टरों द्वारा पीजी किए जाने की सूरत में बॉन्ड राशि को एक करोड़ से घटाकर 50 लाख कर दिए जाने को लेकर को भी विज ने सहमति जता दी है। स्पेशलिस्ट कैडर को लेकर एसोसिएशन और अफसरों के बीच काफी देर तक चर्चा हुई, जिस पर बताया गया कि उक्त मामला भी वित्त विभाग के पास में भेजा गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed