फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Toilet Scam: Documents send to High Court

शौचालय घोटाले : दस्तावेज उच्च न्यायालय को भेजे

Sat, 13 Feb 2021 01:38 AM IST
Panchkula Bureau पंचकुला ब्‍यूरो
Updated Sat, 13 Feb 2021 01:38 AM IST
विज्ञापन
Toilet Scam: Documents send to High Court
चंडीगढ़। नगर निगम के सात साल पुराने शौचालय घोटाले में सीबीआई अदालत ने मामले के दस्तावेज उच्च न्यायालय भेज दिए हैं। इस मामले का ट्रायल अभी तक शुरू नहीं हो पाया है क्योंकि मामले में स्टे लगी हुई थी। सीबीआई ने उच्चतम न्यायालय के फैसले का उदाहरण देते हुए मामले को दोबारा शुरू करने की मांग की थी। इस पर सुनवाई करते हुए अदालत ने मामला उच्च न्यायालय भेज दिया। उच्च न्यायालय के आदेश पर ही मामले की कार्रवाई आगे बढ़ पाएगी। उच्चतम न्यायालय ने आदेश दिया था कि जिन मामलों पर स्टे लगे 6 महीने हो चुके हैं, वह स्टे अपने आप खत्म हो जाएगी। सीबीआई अदालत में बहुत से ऐसे मामले हैं जिन पर स्टे लगी हुई है और जिनका ट्रायल शुरू करने के लिए उच्च न्यायालय में आवेदन किया गया है।
विज्ञापन

बता दें कि मामला वर्ष 2006 से 2014 के बीच शहर में 86 सार्वजनिक शौचालय के रखरखाव और देखरेख से जुड़ा हैै। सेलवेल मीडिया को 10 सितंबर, 2007 को नगर निगम ने दो आर्डर दिए थे। इसमें शहर के बाजारों में नवनिर्मित शौचालय, मार्ग की देखभाल और रखरखाव को सुनिश्चित करना था। हालांकि बाद में टेंडर नोटिस में एक नई शर्त लगा दी गई थी। इस बारे में जानकारी समाचार पत्रों के माध्यम से 13 जुलाई 2007 को प्रकाशित करवाई गई। कंपनियों को फायदा पहुंचाने के लिए नगर निगम के अफसरों नेे टेंडर की शर्तें बदल दी थीं। इसके बाद पूर्व अधीक्षण अभियंता आरसी दिवान, सेलवेल कंपनी के निदेशक जिम्मी सुबावाला, महाप्रबंधक विश्वजीत दत्ता और आउटडोर कम्यूनिकेशन कंपनी के निदेशक मयसा गणेश के खिलाफ रिश्वत का केस दर्ज किया था। सीबीआई के मुताबिक, इस घोटाले में सरकारी राजकोष को 13.66 करोड़ का नुकसान हुआ था।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed