फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Thousands of students depend on PG in Chandigarh

चंडीगढ़: नौ हजार से अधिक विद्यार्थियों को नहीं मिल पाते हॉस्टल, लेते हैं पीजी का सहारा

Mon, 24 Feb 2020 03:44 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Mon, 24 Feb 2020 03:44 PM IST
विज्ञापन
Thousands of students depend on PG in Chandigarh
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

सिटी ब्यूटीफुल में शिक्षा पाने के लिए देश दुनिया से स्टूडेंट्स आते हैं। यहां 10 कॉलेज व पंजाब यूनिवर्सिटी है। इनमें सीटों की संख्या 50 हजार से अधिक है। इनमें लगभग 20 हजार विद्यार्थियों को हॉस्टल की सुविधा मिल जाती है लेकिन नौ हजार से अधिक विद्यार्थियों को छात्रावास की सुविधा नहीं मिल पाती। बाकी स्टूडेंट्स लोकल होते हैं या फिर अपने रिश्तेदारों के यहां रहते हैं।

विज्ञापन


जब बाहरी विद्यार्थियों को हॉस्टल की सुविधा नहीं मिल पाती तो उन्हें पीजी या किराये के कमरों का सहारा लेना पड़ता है। उनकी समस्याओं की ओर किसी का ध्यान नहीं जा रहा है। विद्यार्थियों का कहना है कि हॉस्टलों की संख्या बढ़ाई जानी चाहिए। हर शिक्षण संस्थान को अपने विद्यार्थियों को हॉस्टल मुहैया कराने चाहिए, ताकि सुरक्षा के बेहतर इंतजाम हो। आइये जानते हैं क्या कहते हैं स्टूडेंट्स-
विज्ञापन


पीयू में सीटों की संख्या बढ़नी चाहिए
पीयू में काफी हॉस्टल बने हैं, लेकिन सीटों की संख्या कुछ कम है। ऐसे में यह बढ़नी चाहिए। साथ ही ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए ताकि विद्यार्थियों को पीजी आदि ढूंढने की जरूरत न पड़े।  - जसविंदर कुमार, रिसर्च स्कॉलर पीयू
विज्ञापन
विज्ञापन


बाहरी छात्रों को मिलें हॉस्टल
पीयू में कई प्रदेशों के विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण करने आते हैं। इन सभी को हॉस्टल आदि की सुविधाएं मिलनी चाहिए ताकि उन्हें रहने से लेकर बाहर न जाना पड़े।- अंकित, रिसर्च स्कॉलर पीयू

हादसों से लेना होगा सबक
पीजी में जो हादसा हुआ है, वह दर्दनाक है। भविष्य में ऐसे हादसे न हों, इसके लिए सभी को तैयारी करनी होगी। विद्यार्थियों को शिक्षण संस्थान शत प्रतिशत रहने की सुविधा दें और सुरक्षा भी प्रदान करें। - मुकेश कुमार, रिसर्च स्कॉलर पीयू

हॉस्टलों की संख्या बढ़ानी होगी
पीयू में हॉस्टल की संख्या 20 हैं और 21 नंबर बन रहा है। बाहरी छात्रों की संख्या अधिक है, ऐसे में हॉस्टलों की संख्या को और बढ़ाना होगा ताकि बाहर जाकर वह पीजी आदि का सहारा न लें। -गुरप्रीत सिंह, छात्र 

कॉलेज छात्राओं को छात्रावास दें
बाहरी छात्राओं को रहने के लिए कॉलेजों में व विश्वविद्यालयों में रहने की पर्याप्त सुविधाएं देनी चाहिए। इस पर सभी कॉलेजों को ध्यान देना होगा और हादसों से सबक लेते हुए बेहतर कार्य करने होंगे।- वर्षा भारती, छात्रा पीयू

पात्रता को परखना होगा
पीयू में छात्रावास विद्यार्थियों को दिए जाते हैं, लेकिन इसकी प्रक्रिया कुछ धीमी है, इसे तेज करना होगा। साथ ही यह तय करना होगा कि जिनको छात्रावास मिल रहे हैं वह पात्र हैं या नहीं।- करणबीर सिंह, छात्र

सुरक्षा के इंतजाम को परखें
हॉस्टल यदि शत प्रतिशत विद्यार्थियों को मिल जाएं तो उन्हें बाहर नहीं जाना होगा। यदि बाहर विद्यार्थी पीजी ले रहे हैं तो उन्हें सुरक्षा के इंतजाम पहले देख लेने चाहिए। अपनी सुरक्षा खुद को करनी होगी।- लोहित सिंगला, छात्र

अभिभावक भी करें तहकीकात

कोई भी छात्र पीजी लेने जाएं तो पहले पीजी संचालकों से उनके प्रमाण पत्र देखें कि वह सही है या नहीं। सुरक्षा के इंतजाम आदि को देखना होगा। छात्राएं व परिजनों को खासकर तहकीकात करने की जरूरत है।- रूपसी, छात्रा

सुविधाएं परखनी होंगी
इस हादसे के बाद हॉस्टलों व पीजी की सुविधाओं को परखना होगा। जहां कमियां हैं उन्हें दुरुस्त करना होगा ताकि ऐसे हादसे न हों। विद्यार्थियों को शिक्षण संस्थान हॉस्टल की सुविधाएं दें।- जशन, छात्रा

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed