पहली बार पंजाब में लगी थी वीवीपैट मशीनें, कई जगह रही खराब
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चुनाव आयोग ने पहली बार पंजाब के कुछ विधानसभा हलकों में वीवीपैट मशीनें लगाई थीं, लेकिन कई जगह इन मशीनों में गड़बड़ आई। इसके चलते कई बार मतदान भी बीच में रोकना पड़ा।
पंजाब विस चुनाव में आयोग ने प्रयोग के तौर पर पहली बार वोटर वैरिफाइड पेपर ऑडिट ट्रेल का प्रयोग किया था। इन्हें ईवीएम के साथ लगाया गया था।
मतदान के बाद इनसे निकलने वाली पर्ची से वोटर यह तसदीक कर सकते थे कि उनका वोट उसी उम्मीदवार को गया है, जिसे उन्होंने डाला है। पंजाब के कुल 117 विधानसभा हलकों में से 33 हलकों में 6400 मशीनें लगाई गई थीं।
खराबी के कारण कई बार रोकना पड़ा मतदान
अमृतसर लोकसभा सीट के उपचुनाव के लिए भी दो हलकों में ये मशीनें लगाई गई थीं। हालांकि पहली बार में ही इन मशीनों को लेकर काफी शिकायतें आईं। जानकारी के मुताबिक सबसे ज्यादा शिकायतें संगरूर और मजीठा हलकों से आईं।
मोहाली से भी शिकायत आई। वीवीपैट में खराबी के चलते कई बार मतदान भी रोकना पड़ा। आयोग के अधिकारियों ने माना कि खराबी के कारण समस्या आई। शिकायतें ज्यादा थीं और मशीनें ठीक करने वाले इंजीनियर कम, इससे भी परेशानी हुई।
गौरतलब है कि वीवीपैट मशीनें यहां पहुंचने के बाद शुरुआती जांच में ही कई मशीनों में खराबी मिली थी। इसके बाद आयोग ने बंगलूरू से मशीनें मंगवाई थीं।