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दस हजार लोगों को मिलेगा रोजगार, यूथ को प्राथमिकता
ब्यूरो/अमर उजाला, गोरखपुर (फतेहाबाद)
Updated Tue, 14 Jan 2014 11:41 AM IST
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गोरखपुर में सोमवार को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह द्वारा परमाणु बिजली संयंत्र का शिलान्यास करने के बाद हरियाणा में रोशनी और रोजगार के द्वार खुल गए हैं।
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इस संयंत्र से लगभग दस साल में 2800 मेगावाट बिजली का उत्पादन होगा, जिसमें से आधी बिजली हरियाणा को मिलेगी। इसके अलावा पहले चरण में ही ठेकेदारों के माध्यम से आठ से दस हजार लोगों को रोजगार मिलेगा। इसके अलावा कारोबार के अन्य मौके भी मिलेंगे। इससे पहले सांसद दीपेंद्र हुड्डा भी परमाणु संयंत्र में हरियाणा के युवाओं को क्लास तीन और चार की नौकरियों में प्राथमिकता देने की बात कह चुके हैं। वहीं, सोमवार को प्रधानमंत्री ने गोरखपुर और आसपास के गांवों में 100 करोड़ से विकास कार्य करवाने की घोषणा की।
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परमाणु प्लांट से हरियाणा में होगी सरप्लस बिजली
बिजली रैली को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि गोरखपुर बिजली प्लांट के आसपास के गांवों में 100 करोड़ रुपये विकास कार्यों पर खर्च होंगे। उन्होंने कहा कि इस प्लांट की आधी बिजली हरियाणा को मिलेगी। हरियाणा में 2005 में अपना उत्पादन 1587 मेगावाट था। यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी और प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के नेतृत्व में केंद्र से हरियाणा को सहयोग मिला। चार थर्मल प्लांट लगाए गए। अब प्रदेश में बिजली उत्पादन क्षमता 5300 मेगावाट है जबकि उपलब्धता 10000 मेगावाट है। इस प्लांट के बाद प्रदेश में न केवल 24 घंटे बिजली उपलब्ध होगी बल्कि हरियाणा सरप्लस वाला राज्य बन जाएगा। वैसे बिजली तो अब भी सरप्लस है।
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दो सप्ताह में दूसरी बार आए पीएम
प्रधानमंत्री 3 जनवरी को झज्जर में परमाणु अनुसंधान केंद्र और राष्ट्रीय कैंसर संस्थान की आधारशिला रखने आए थे। अब ठीक दस दिन बाद वे फिर एक और परमाणु संस्थान का शिलान्यास करने फतेहाबाद में आए।