पराली जलाने पर प्रशासन सख्त, 22 किसानों को किया गिरफ्तार, 45 पर एफआईआर दर्ज
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पराली जलाने को लेकर सोमवार सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद आखिरकार दफ्तरों में बैठे अधिकारियों की नींद टूट गई। मंगलवार को पराली जलाने के मामलों की जांच करने के लिए डीसी प्रदीप अग्रवाल और पुलिस कमिश्नर राकेश अग्रवाल खुद अपने पूरे लाव लश्कर के साथ मैदान में उतरे। इस दौरान पुलिस ने पराली जलाने वाले किसानों के खिलाफ 45 मामले दर्ज किए है। वही 22 किसानों को हिरासत में लिया गया है।
पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड ने भी पराली जलाने के मामलों में 13 चालान काटे। कंबाइन के साथ एसएमएस मशीन का प्रयोग नहीं करने पर दो लाख रुपये के 13 चालान किए गए है। डीसी प्रदीप अग्रवाल ने बताया कि पराली जलाने के मामलों पर नजर रखने के लिए जिले में 77 क्लस्टर तैयार किए गए है। इसमें पुलिस और जिला प्रशासन के अधिकारियों को तैनात किया गया है।
जहां कही भी पराली जलाने का मामला सामने आएगा, तुरंत उस किसान के खिलाफ मामला दर्ज करने के निर्देश जारी किए गए है। गांव के सरपंच को पराली जलाने वालों पर पैनी नजर रखने के लिए कहा गया है, क्योंकि सुप्रीम कोर्ट ने भी अपने निर्देश में सरपंच की जिम्मेदारी तय करने की बात कही है।
यहां पर करें शिकायत
डीसी प्रदीप अग्रवाल ने कहा कि पराली जलाने वालों के खिलाफ शिकायत के लिए हेल्प लाइन नंबर 0161-2404502 जारी किया गया है। यह नंबर चौबीस घंटे काम करेगा। कोई भी व्यक्ति पराली जलाने से संबंधित शिकायत इस नंबर पर दर्ज करवा सकता है। अगर किसी किसान को पराली के प्रबंधन किसी तरह की दिक्कत आ रही है, तो वह जिला कृषि अधिकारी बलदेव सिंह के मोबाइल नंबर 98886-74820 पर संपर्क कर सकता है।
पंजाब: मंगलवार को कहां कितने किसानों पर पराली जलाने के केस
| जगह | केस |
| लुधियाना | 45 |
| फतेहगढ़ साहिब | 47 |
| मुक्तसर | 25 |
| मानसा | 37 |
| नवांशहर | 8 |
| पटियाला | 22 |