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यूक्रेन में हालात खराब: बेसमेंट में भारतीय छात्र, कहा- नहीं मिल पा रहा खाना, पीने का पानी भी नहीं, बाहर जाने पर लगी रोक

Thu, 24 Feb 2022 09:16 PM IST
ajay kumar संवाद न्यूज एजेंसी, पठानकोट (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, पठानकोट (पंजाब) Published by: ajay kumar Updated Thu, 24 Feb 2022 09:16 PM IST
सार

ईशिता महाजन ने बताया कि अब हॉस्टल के बेसमेंट से निकलने पर बंदिश लगाई गई है। सभी विद्यार्थी डरे-सहमे हैं। हालांकि, सभी बच्चों का अपने परिजनों से संपर्क हो पा रहा है।

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Students stranded in Ukraine are unable to get food and water
बेसमेंट में ठहरे भारतीय छात्र। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

यूक्रेन के खारकीव में हालात बेहद खराब हैं। विद्यार्थियों को खाना और पीने का पानी भी प्रर्याप्त मात्रा में नहीं मिल पा रहा। एक कमरे में 50 विद्यार्थियों को रखा गया है। उक्त बात पठानकोट से यूक्रेन में मेडिकल की पढ़ाई करने गईं 18 वर्षीय ईशिता महाजन ने कही। पठानकोट के पटेल नगर निवासी ईंट भट्ठा मालिक धीरज महाजन की बेटी ईशिता महाजन खारकीव नेशनल मेडिकल यूनिवर्सिटी में मेडिकल की पढ़ाई कर रही हैं। 

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ईशिता ने बताया कि हॉस्टल के बेसमेंट में सभी विद्यार्थियों को रखा गया है। बाहर नहीं जा पा रहे। धमाकों की आवाज बार-बार सुनाई दे रही है।  भारतीय दूतावास से किसी भी प्रकार की मदद नहीं मिल पा रही है। ईशिता ने बताया कि उनकी 28 फरवरी को फ्लाइट है। लेकिन अब एयरपोर्ट सील है और सभी उड़ाने बंद हैं। 
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उन्होंने बताया कि खाने-पीने की दिक्कत है। पीने योग्य पानी नहीं मिल पा रहा। बताया कि बीते दिन जब युद्ध की संभावना थी तो विद्यार्थियों ने सुपर मार्केट जाकर खरीदारी करने की कोशिश की लेकिन भारी भीड़ होने के कारण वो वहां तक पहुंच नहीं सके। अब हॉस्टल के बेसमेंट से निकलने पर बंदिश लगाई गई है। सभी विद्यार्थी डरे-सहमे हैं। हालांकि, सभी बच्चों का अपने परिजनों से संपर्क हो पा रहा है।

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माता-पिता चिंतित, बच्चों को जल्द भारत लाने की अपील

ईशिता के दादा विश्वा महाजन ने बताया कि ईशिता के पिता अमृतसर एयरपोर्ट पर हैं। उन्होंने कहा कि पूरा परिवार ईशिता के सकुशल भारत लौटने की राह देख रहा है। विश्वा महाजन ने बताया कि पठानकोट के ढाकी, लक्ष्मी गार्डन कॉलोनी और शास्त्री नगर से भी छात्राएं ईशिता के साथ इसी कॉलेज में पढ़ रही हैं और वहीं फंसी हैं। दादा विश्वा महाजन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री से इस बारे में जल्द कोई निर्णय लेने और बच्चों को जल्द वतन लाने की अपील की।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष को सांसद सनी देओल के नाम सौंपा मांगपत्र
सांसद सनी देओल के पठानकोट कार्यालय प्रभारी पंकज जोशी ने बताया कि पूरे लोकसभा हलके से नौ विद्यार्थियों की सूची उनके पास पहुंची है। उन्होंने बताया कि गुरुवार को विद्यार्थियों के परिजन भाजपा प्रदेश अध्यक्ष से मिले और विद्यार्थियों को स्वदेश लाने की अपील की है। पंकज जोशी ने बताया कि उन्होंने इस विषय पर सांसद सनी देओल से बात की है। सांसद ने आश्वासन दिया है कि वह जल्द ही विदेश मंत्रालय से संपर्क साधकर विद्यार्थियों को सकुशल भारत वापस लाने के संभव प्रयास करेंगे।

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