पंजाब समेत उत्तर भारत के राज्य एक समान वाहन कर दरों पर सहमत, हरियाणा को होगा फायदा
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उत्तर भारत के सभी राज्य एक समान वाहन कर दरें लागू करने पर सहमत हो गए हैं। चंडीगढ़ स्थित हरियाणा निवास में मंगलवार को हुई बैठक में हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, राजस्थान और जम्मू एवं कश्मीर के परिवहन मंत्रियों और प्रशासनिक सचिवों ने अपनी सहमति दे दी।
एक समान टैक्स दरें तय करने का निर्णय सभी प्रदेश के परिवहन मंत्री और विभाग के अधिकारी मुख्यमंत्री के साथ बैठक कर लेंगे। इसके बाद उत्तरी राज्यों की बैठक दिल्ली में होगी, जिसमें समान टैक्स दरें लागू करने पर अंतिम फैसला लिया जाएगा। एक समान कर दरें लागू होने से हरियाणा को सबसे अधिक फायदा होगा।
चूंकि, अभी हरियाणा को पंजीकरण फीस और यात्री कर में भारी चपत लग रही है। हरियाणा में वाहनों की पंजीकरण फीस कुल मूल्य का दस प्रतिशत है, जबकि हिमाचल प्रदेश में तीन प्रतिशत है। इसलिए वाहन खरीददार हिमाचल का अस्थायी पता देकर वहां पर वाहन पंजीकरण करा लेते हैं।
इससे हरियाणा को राजस्व में चपत लग रही है। यात्री कर में भी ऐसा ही है। हरियाणा में बाहरी वाहनों पर यात्री कर प्रति किलोमीटर 85 पैसे है जबकि पंजाब 1.10 रुपये वसूलता है। इसमें भी हरियाणा को अधिक यात्री कर चुकाना पड़ रहा है।
बैठक की अध्यक्षता करने के बाद हरियाणा के परिवहन मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने बताया कि मोटर वाहन कर के सामान्यीकरण, पारस्परिक सांझा अनुबंध (रेसीप्रोकल कॉमन ट्रांसपोर्ट एग्रीमेंट) पर हस्ताक्षर करने, संबंधित राज्यों में निजी उदेश्यों के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले वाहनों पर कर की दरें समान करने इत्यादि विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई है।
उत्तर प्रदेश के परिवहन मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, पंजाब की रजिया सुल्ताना, हिमाचल प्रदेश के गोविंद सिंह ठाकुर और दिल्ली के कैलाश गहलोत सहित अन्य राज्यों के वरिष्ठ अधिकारियों ने अपने-अपने सुझाव दिए हैं। उन्हें जल्दी अमलीजामा पहनाने का भी फैसला लिया गया है।
2 से छह लाख तक वाहनों के लिए बने नया टैक्स स्लैब
गुवाहाटी में 19 अप्रैल 2018 को सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की बैठक में मंत्री समूह ने सभी राज्यों में मोटर वाहनों पर 15 वर्ष के लिए एकमुश्त कर दरें अपनाने की सिफारिश की थी।
इसमें दस लाख तक के वाहनों के लिए 8 प्रतिशत पंजीकरण फीस, दस से बीस लाख तक मूल्य के वाहनों पर 10 प्रतिशत फीस और बीस लाख से ऊपर के लग्जरी वाहनों के लिए 12 प्रतिशत पंजीकरण फीस का सुझाव दिया गया था।
मंगलवार को चंडीगढ़ में हुई बैठक के दौरान दिल्ली के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने 2 से छह लाख रुपये मूल्य के वाहनों के लिए 5 प्रतिशत और 6 से दस लाख मूल्य के वाहनों से 8 प्रतिशत पंजीकरण फीस का नया स्लैब बनाने का सुझाव दिया है।
वाहनों का पंजीकरण शुल्क
फीस हरियाणा पंजाब चंडीगढ़
रजिस्ट्रेशन फीस 10 फीसदी 8 फीसदी 6 फीसदी