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स्लैब ने बिगाड़ा बिजली बिल का गणित

Tue, 03 Dec 2013 01:56 AM IST
अमर उजाला, पंचकूला
अमर उजाला, पंचकूला Updated Tue, 03 Dec 2013 01:56 AM IST
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Slab done the math electricity bill
टैरिफ में बढ़ोतरी और स्लैब सिस्टम में बदलाव से बिजली उपभोक्ताओं पर महंगाई के बीच एक और मार पड़ी है। उपभोक्ताओं के मुताबिक, उन पर 30 फीसदी तक का अतिरिक्त बोझ बढ़ा है और उनकी शिकायत हरियाणा इलेक्ट्रिसिटी रेग्यूलेटरी कमीशन(एचईआरसी) में विचाराधीन है।
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संभव है थोड़ा-बहुत बदलाव हो जाए। उधर, कालोनियों और बड़े मकानों में अधिक रीडिंग की भी शिकायतें आ रही हैं।

पंचकूला में करीब 80 हजार बिजली उपभोक्ता हैं। बिजली निगम ने मीटर रीडिंग का काम ठेके पर दिया है, जो औसत के आधार पर बिल भेज रहे हैं।

शहर के करीब 30 फीसदी उपभोक्ताओं का आरोप है कि ज्यादा बिल भेजे जाते हैं। ऐसी शिकायत करने वालों में सेक्टर-17 के राजीव कालोनी निवासी राजू, सेक्टर-19, सेक्टर-15 और सेक्टर-10 के रेजिडेंट की संख्या ज्यादा है।
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सेक्टर-16 रेजीडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन के एस. पपनेजा ने कहा कि स्लैब में बदलाव किए जाना चाहिए। यदि बदलाव नहीं हुआ तो लोगों को 30 फीसदी तक ज्यादा भुगतान करना होगा।
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बिल में ऐसे पड़ रहा फर्क
स्लैब को 40 यूनिट, 250, 400 और इससे अधिक में बांटा गया था। इसमें श्ुारुआती यूनिट्स के चार्ज यानी 40 यूनिट तक के लिए न्यूनतम चार्ज था, जबकि 250 या इससे अधिक का बिल इससे अधिक था।

इसी तरह 400 यूनिट से अधिक खपत करने वालों को अधिक रेट्स चुकाने पड़ते थे, लेकिन शुरुआती यूनिट्स के लिए पहले की दरें होती थी।

टैरिफ में बढ़ोतरी के साथ-साथ अब निर्धारित यूनिट को पार करते ही शुरू से कुल खपत यूनिट के लिए एक ही दर पर बिल चार्ज होते हैं।


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