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श्री गुरु ग्रंथ साहिब को तिलक लगाने वालों पर कार्रवाई हो : खैरा
ब्यूरो/अमर उजाला/चंडीगढ़
Updated Sat, 09 Jul 2016 09:49 PM IST
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सुखपाल खैरा
- फोटो : file photo
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आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता सुखपाल सिंह खैरा ने श्री गुरुग्रंथ साहिब पर तिलक लगाते अकाली दल और कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं की वीडियो दिखाकर दोनों दलों पर शनिवार को फिर पलटवार किया। शनिवार को पार्टी के मीडिया कार्यालय में प्रेस कांफ्रेंस के दौरान खैरा ने शिअद और कांग्रेस की ओर से श्री हरमंदिर साहिब की फोटो पर अपने-अपने दलों के चुनाव चिह्न, नारे तथा कैप्टन अमरिंदर सिंह की फोटो लगे दो पोस्टर मीडिया जारी किये।
उन्होंने इस करतूत के लिए कांग्रेस और अकाली दल के नेताओं से श्री दरबार साहिब पहुंचकर क्षमा याचना की मांग की।खैरा ने श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार और शिरोमणि गुुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के प्रधान अवतार सिंह मक्कड़ से सवाल किया है कि क्या वह अकाली दल और कांग्रेसियों पर उसी तरह की कार्रवाई की वकालत करेंगे, जैसी यूथ मेनिफेस्टो को लेकर आम आदमी पार्टी के लिए कर रहे हैं। खैरा ने मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल, अकाली दल के प्रधान सुखबीर सिंह बादल और कैप्टन अमरिंदर सिंह से माफी मांगने को कहा है।
उन्होंने इन नेताओं पर उसी तरह से आईपीसी की धारा 295-ए के तहत मुकदमा दर्ज करने की मांग की है, जैसे माफी मांगे जाने के बावजूद ‘आप’ के राष्ट्रीय नेता आशीष खेतान के खिलाफ दर्ज कराया गया है। आप ने 58 सेकेंड की वीडियो भी दिखाई, जिसमें वरिष्ठ अकाली नेता और श्री आनंदपुर साहिब से सांसद प्रो. प्रेम सिंह चंदूमाजरा, कैबिनेट मंत्री सुरजीत सिंह रखड़ा और पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष कैप्टन अमरिंदर सिंह की पत्नी व पटियाला से कांग्रेसी विधायक परनीत कौर के अलावा अन्य कांग्रेसी व अकाली नेता श्री गुरु ग्रंथ साहिब पर तिलक लगा रहे हैं। खैरा ने कहा कि ऐसा करना सिख धर्म और मर्यादा में बड़ा गुनाह माना जाता है।
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खैरा ने क्षमा याचना के लिए श्री दरबार साहिब आ रहे ‘आप’ नेताओं को ‘ड्रामेबाज’ और सोची-समझी चाल करार देने वाले सीएम प्रकाश सिंह बादल और कैप्टन अमरिंदर सिंह के बयान का भी कड़ा नोटिस लिया है। कहा है कि ऐसी बयानबाजी यह श्री दरबार साहिब में नतमस्तक होने वाली समूची संगत का अपमान है। खैहरा ने अकाली दल के प्रधान सुखबीर सिंह बादल की नंगे सिर होली खेलते हुए वायरल फोटा पर टिप्पणी की। पूछा कि बतौर अकाली दल प्रधान सुखबीर सिंह बादल की गलती का एसजीपीसी और श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ने नोटिस क्यों नहीं लिया?
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उन्होंने इस करतूत के लिए कांग्रेस और अकाली दल के नेताओं से श्री दरबार साहिब पहुंचकर क्षमा याचना की मांग की।खैरा ने श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार और शिरोमणि गुुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के प्रधान अवतार सिंह मक्कड़ से सवाल किया है कि क्या वह अकाली दल और कांग्रेसियों पर उसी तरह की कार्रवाई की वकालत करेंगे, जैसी यूथ मेनिफेस्टो को लेकर आम आदमी पार्टी के लिए कर रहे हैं। खैरा ने मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल, अकाली दल के प्रधान सुखबीर सिंह बादल और कैप्टन अमरिंदर सिंह से माफी मांगने को कहा है।
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उन्होंने इन नेताओं पर उसी तरह से आईपीसी की धारा 295-ए के तहत मुकदमा दर्ज करने की मांग की है, जैसे माफी मांगे जाने के बावजूद ‘आप’ के राष्ट्रीय नेता आशीष खेतान के खिलाफ दर्ज कराया गया है। आप ने 58 सेकेंड की वीडियो भी दिखाई, जिसमें वरिष्ठ अकाली नेता और श्री आनंदपुर साहिब से सांसद प्रो. प्रेम सिंह चंदूमाजरा, कैबिनेट मंत्री सुरजीत सिंह रखड़ा और पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष कैप्टन अमरिंदर सिंह की पत्नी व पटियाला से कांग्रेसी विधायक परनीत कौर के अलावा अन्य कांग्रेसी व अकाली नेता श्री गुरु ग्रंथ साहिब पर तिलक लगा रहे हैं। खैरा ने कहा कि ऐसा करना सिख धर्म और मर्यादा में बड़ा गुनाह माना जाता है।
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खैरा ने क्षमा याचना के लिए श्री दरबार साहिब आ रहे ‘आप’ नेताओं को ‘ड्रामेबाज’ और सोची-समझी चाल करार देने वाले सीएम प्रकाश सिंह बादल और कैप्टन अमरिंदर सिंह के बयान का भी कड़ा नोटिस लिया है। कहा है कि ऐसी बयानबाजी यह श्री दरबार साहिब में नतमस्तक होने वाली समूची संगत का अपमान है। खैहरा ने अकाली दल के प्रधान सुखबीर सिंह बादल की नंगे सिर होली खेलते हुए वायरल फोटा पर टिप्पणी की। पूछा कि बतौर अकाली दल प्रधान सुखबीर सिंह बादल की गलती का एसजीपीसी और श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ने नोटिस क्यों नहीं लिया?