{"_id":"649ef6702aee4f0533040f63","slug":"sgpc-president-will-meet-home-minister-amit-shah-2023-06-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Punjab News: गृह मंत्री अमित शाह से मिलेंगे SGPC अध्यक्ष, गुरुद्वारा एक्ट में संशोधन बिल रोकने की करेंगे मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Punjab News: गृह मंत्री अमित शाह से मिलेंगे SGPC अध्यक्ष, गुरुद्वारा एक्ट में संशोधन बिल रोकने की करेंगे मांग
Fri, 30 Jun 2023 09:13 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Fri, 30 Jun 2023 09:13 PM IST
सार
एसजीपीसी का दावा है कि पंजाब सरकार ने गुरुद्वारा एक्ट में संशोधन करके सिखों के धार्मिक मामलों में हस्तक्षेप किया है। धामी के अनुसार गुरुद्वारा एक्ट में कोई भी संशोधन एसजीपीसी की मंजूरी के बिना नहीं किया जा सकता।
विज्ञापन
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह व एसजीपीसी अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पंजाब सरकार द्वारा श्री हरमंदिर साहिब के गुरबानी के मुफ्त प्रसारण को लेकर विधानसभा में पारित सिख गुरुद्वारा (संशोधन) बिल का विरोध कर रही शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) जल्दी ही केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मिलकर इस संशोधन बिल को रोकने की मांग करेगी। गौरतलब है कि पंजाब सरकार ने संशोधन बिल को विधानसभा में पारित करके मंजूरी के लिए राज्यपाल के पास भेज दिया है।
विज्ञापन
एसजीपीसी के प्रधान हरजिंदर सिंह धामी ने बीते दिनों राज्यपाल से मिलकर इस बिल को मंजूरी न देने का आग्रह किया था लेकिन अब वह गृह मंत्री अमित शाह से मिलकर इस बिल को रुकवाने का प्रयास करेंगे।
विज्ञापन
इस संबंध में धामी ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्री से मिलने के फैसले पर समान पंथक सोच वाले संगठनों की राय ली गई है और इस संबंध में सहमति बनने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि जल्दी ही केंद्रीय गृह मंत्री से मिलने का समय मांगा जाएगा। उन्होंने कहा कि गृह मंत्री से मिलकर एसजीपीसी पंजाब सरकार द्वारा पारित बिल के मामले में हस्तक्षेप की मांग करेगी।
विज्ञापन
एसजीपीसी का दावा है कि पंजाब सरकार ने गुरुद्वारा एक्ट में संशोधन करके सिखों के धार्मिक मामलों में हस्तक्षेप किया है। धामी के अनुसार गुरुद्वारा एक्ट में कोई भी संशोधन एसजीपीसी की मंजूरी के बिना नहीं किया जा सकता।