फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Senior HCS Dinesh Yadav sacked for distributing wrong compensation in Haryana

बड़ी कार्रवाई: गलत मुआवजा बांटने पर वरिष्ठ एचसीएस दिनेश यादव बर्खास्त, 2024 में होना था सेवानिवृत्त

Fri, 27 May 2022 11:11 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Fri, 27 May 2022 11:11 PM IST
सार

दिनेश यादव 6 अगस्त 2021 से हरियाणा खाद्य एवं आपूर्ति विभाग में अतिरिक्त निदेशक प्रशासन के पद पर तैनात थे। 30 जून 2024 को उनकी सेवानिवृत्ति थी लेकिन 14 साल पहले की गई गलती उन्हें भारी पड़ गई। 

विज्ञापन
Senior HCS Dinesh Yadav sacked for distributing wrong compensation in Haryana
सांकेतिक तस्वीर

विस्तार

हरियाणा सरकार ने राज्यपाल की मंजूरी के बाद एचसीएस दिनेश सिंह यादव को नौकरी से बर्खास्त कर दिया है। 1992 बैच के सबसे वरिष्ठ एचसीएस पर यह कार्रवाई भूमि अधिग्रहण का गलत मुआवजा बांटने पर अंडर रूल-7 के तहत हुई है। पंचकूला जिले के चार गांवों नानक चंद, सूरजपुर, राजीपुर और मिलक की पंचायती शामलात भूमि 28 मार्च 2008 को हुडा के लिए अधिगृहीत की थी। 

विज्ञापन


दिनेश यादव उस समय भूमि अधिग्रहण अधिकारी पंचकूला थे। उन्होंने समक्ष अधिकारी के भूमि का टाइटल तय किए बिना ही 1.24 करोड़, 79 लाख, 3.51 करोड़ और 1.97 करोड़ रुपये मुआवजा वितरित कर दिया। जबकि, यह तय ही नहीं था कि भूमि शामलात देह है या नगर सभा की। आरोप था कि यादव ने पंजाब लैंड रिकॉर्ड मैनुअल एंड रूल-71 के पैरा 348 के प्रावधानों का उल्लंघन किया है। उन्होंने भूमि के सह-मालिकों की सूची तैयार करने के लिए सीधे तहसीलदार कालका से भी पत्राचार किया, जबकि उन्हें डीसी पंचकूला के जरिये संपर्क करना था।
विज्ञापन


मुख्य सचिव ने इन आरोपों पर यादव को चार्जशीट करते हुए जवाब मांगा। जवाब आने के बाद आईएएस अपूर्व कुमार सिंह को यादव के मामले में 22 फरवरी 2018 को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया। उन्होंने 24 जून 2019 को अपनी रिपोर्ट सौंपी। जांच में दोनों आरोप सही साबित हुए। इसके बाद 24 जून 2020 को यादव ने व्यक्तिगत तौर पर सरकार के समक्ष अपनी बात रखी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


15 फरवरी 2022 को उन्हें व्यक्तिगत सुनवाई का मौका दिया गया। सरकार ने 22 अप्रैल 2022 को प्राप्त रिकॉर्ड, पहलुओं और सामग्री के आधार पर निर्णय लिया कि आरोपी एचसीएस को सेवा से बर्खास्त कर दिया जाए। साथ ही वह भविष्य में भी सरकारी सेवा के लिए अयोग्य होंगे।

एचपीएससी ने बर्खास्तगी पर जताई सहमति
दिनेश यादव को बर्खास्त करने से पहले 6 मई 2022 को पूरा केस हरियाणा लोक सेवा आयोग को भेजा गया। संविधान के अनुच्छेद 320-3 के तहत आयोग ने मामले पर विचार करते हुए बर्खास्तगी को लेकर 26 मई को अपनी सहमति जता दी। आयोग ने कहा कि अंडर रूल-7 के तहत एचसीएस अधिकारी को बर्खास्त करने के वह पक्ष में है।


अतिरिक्त निदेशक प्रशासन के पद पर थे तैनात
दिनेश यादव 6 अगस्त 2021 से हरियाणा खाद्य एवं आपूर्ति विभाग में अतिरिक्त निदेशक प्रशासन के पद पर तैनात थे। 30 जून 2024 को उनकी सेवानिवृत्ति थी लेकिन 14 साल पहले की गई गलती उन्हें भारी पड़ गई। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed