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पंजाबी साहित्य के लिए अपूरणीय क्षति, प्रसिद्ध साहित्यकार डा. दलीप कौर टिवाना का निधन
Fri, 31 Jan 2020 07:37 PM IST
खुशबू गोयल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटियाला (पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटियाला (पंजाब)
Published by: खुशबू गोयल
Updated Fri, 31 Jan 2020 07:37 PM IST
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डॉ. दिलीप कौर टिवाना
- फोटो : अमर उजाला
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पद्मश्री, साहित्य अकादमी और सरस्वती पुरस्कार जैसे पुरस्कारों से सम्मानित जानी-मानी साहित्यकार डा. दलीप कौर टिवाना का शुक्रवार को मोहाली के एक निजी अस्पताल में कुछ समय बीमार रहने के बाद निधन हो गया। सांसद परनीत कौर समेत पंजाबी साहित्य सभा के प्रधान डा. दर्शन सिंह आशट ने डा. टिवाना के निधन पर शोक जताते हुए इसे पंजाबी साहित्य जगत के लिए कभी न पूरा होने वाला घाटा बताया है।
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परनीत ने कहा है कि डा. टिवाना के निधन से पंजाब ने एक महान शख्सियत को खो दिया है। कहा कि उनके परिवार के लिए यह बहुत दुखदायी पल हैं और वह इस घड़ी में उनके साथ हैं। परनीत ने आगे कहा कि डा. टिवाना ने पंजाबी साहित्य की बहूमूल्य सेवा की है, जिसको सदैव याद रखा जाएगा।
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कहा कि डा. टिवाना ने अपनी रचनाओं में महिलाओं समेत समाज के हर वर्ग और खास करके दबे कुचले वर्गों की बेहतरी के लिए आवाज बुलंद की। गौरतलब है कि डा. टिवाना का जन्म चार मई 1935 को गांव ऊची रबों जिला लुधियाना में हुआ था। उन्होंने पटियाला के सरकारी महिंदरा कॉलेज में उच्च शिक्षा हासिल की। उनके पति प्रोफेसर भूपिंदर सिंह पटियाला की पंजाबी यूनिवर्सिटी में समाज विभाग में प्रोफेसर थे और बेटे इंजीनियर सिमरनजीत सिंह पटियाला पीयू के ही इंजीनियरिंग कॉलेज में सेवा निभा रहे हैं।
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डा. दलीप टिवाना पटियाला में पंजाबी यूनिवर्सिटी की स्थापना के समय से ही पंजाबी विभाग में प्रोफेसर रहीं। उन्होंने विभाग की प्रमुख व बाद में डीन के तौर पर लंबा समय सेवाएं दीं। उनकी रचनाएं बहुत सारी भाषाओं में अनुवाद हुईं और सराही गईं। उनकी कुछ रचनाओं पर फिल्में भी बनीं। उन्होंने 42 उपन्यास, पांच कहानी संग्रह, चार स्वजीवनी आत्मिक पुस्तकें, रेखा चित्रों के संग्रह समेत अन्य पंजाबी साहित्य जगत की झोली में डालीं। डा. टिवाना का अंतिम संस्कार शनिवार को पटियाला में राजपुरा रोड स्थित बीर जी श्मशानघाट में दोपहर 12 बजे किया जाएगा।
तृप्त बाजवा ने पंजाबी लेखिका डॉ. दलीप कौर टिवाना के निधन पर दुख जताया
उच्च शिक्षा एवं भाषा मंत्री तृप्त रजिंदर सिंह बाजवा ने प्रसिद्ध पंजाबी लेखिका डॉ. दलीप कौर टिवाना के देहांत पर गहरा दुख प्रकट किया है। वह 84 वर्ष की थीं और बीमार होने के कारण पिछले कई दिनों से मोहाली के मैक्स अस्पताल में उपचाराधीन थी। डॉ. दलीप कौर टिवाना के पारिवारिक सदस्यों के साथ हमदर्दी जाहिर करते हुए बाजवा ने दिवंगत आत्मा की आत्मिक शांति और परिवार को ईश्वरीय आदेश मानने का बल प्रदान करने के लिए ईश्वर के समक्ष अरदास की।