{"_id":"56f8cb034f1c1bd06df0011a","slug":"raj-babbar-congress-leader-controversial-statement-president-rule-in-uttrakhand-sirsa","type":"story","status":"publish","title_hn":"उत्तराखंड के बाद हिमाचल प्रदेश का नंबर आएगा: राज बब्बर ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उत्तराखंड के बाद हिमाचल प्रदेश का नंबर आएगा: राज बब्बर
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा
Updated Mon, 28 Mar 2016 11:41 AM IST
विज्ञापन
कांग्रेस नेता राज बब्बर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फिल्म अभिनेता, राज्यसभा सदस्य एवं वरिष्ठ कांग्रेसी नेता राज बब्बर ने उत्तराखंड में राष्ट्रपति शासन लागू किए जाने पर कहा कि भाजपा की कथनी और करनी में पहले से ही बेईमानी थी। अब तो उसकी राजनीतिक मंशा में भी बेईमानी आ गई है, आज उत्तराखंड की सरकार गिराई है, अगला नंबर हिमाचल प्रदेश का होगा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार देश को कांग्रेस मुक्त बनाने के चक्कर में अपनी मुक्ति का सामान तैयार कर रही है।
वे शनिवार शाम को गांव खैरेकां के समीप संजय अरोड़ा के फार्म हाऊस पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। वे सिरसा में श्री मुलतान सभा के परिवार मिलन समारोह में भाग लेने आए हुए थे। उन्होंने कहा कि राज्यपाल ने 28 मार्च तक बहुमत सिद्ध करने का मौका दिया था सरकार ने एक दिन का भी इंतजार नहीं किया पहले उत्तराखंड के मुख्यमंत्री को बहुमत साबित करने मौका तो दिया होता, सरकार तो बाद में भी गिराई जा सकती थी।
उन्होंने कहा कि राज्यपाल ने राष्ट्रपति शासन लगाने की सिफारिश तक नहीं की। राज्यपाल ने सरकार को 28 तक बहुमत सिद्ध करने का मौका दिया था पर केंद्र सरकार को तो अपने ही चुने गए राज्यपाल पर भरोसा नहीं हुआ।
विज्ञापन
जवाहर लाल नेहरू विश्व विद्यालय प्रकरण को लेकर उन्होंने कहा कि भारत में रहने वाला चाहे कोई भी हो अगर वह देश के खिलाफ नारे लगाएगा तो उसे सहन नहीं किया जाएगा। पर वहां पर नारे कौन लगा रहा था उसे सरकार आज तक नहीं पकड़ पाई है जिसे पकड़ा उसके खिलाफ कोई सबूत नहीं है ऐसा अदालत ने भी कहा है। वहां पर मुंह पर कपड़ा बांधकर आने वाले कौन थे से पता लगाना सरकार का काम है सरकार के पास आईबी है, पुलिस है ये लोग कोई चंबल से तो आए नहीं थे।
उन्होंने कहा कि देश विरोधी नारे तो कश्मीर में लगाए जा रहे है जहां पर भाजपा पीडीपी के साथ सरकार बनाने जा जा रही है। पीडीपी के मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद ने मुख्यमंत्री बनते ही इसके लिए पाकिस्तान का आभार व्यक्त करना चाहिए था जबकि उन्हें शहीदों और प्रदेश की आम जनता का आभार व्यक्त करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि गदर मचाने वालों के दिमाग में ही गदर मचा हुआ है ये लोग समाज और देश को तोडना चाहते हैं। भारत माता की जय के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि यह कोई ईश्यू नहीं है, संविधान में ऐसा कही नहीं लिखा है कि ऐसा करना होगा। जब वे लोग जय हिंद बोलते है तो उनके पीछे क्यों पड़े हुए है।
विज्ञापन
वे शनिवार शाम को गांव खैरेकां के समीप संजय अरोड़ा के फार्म हाऊस पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। वे सिरसा में श्री मुलतान सभा के परिवार मिलन समारोह में भाग लेने आए हुए थे। उन्होंने कहा कि राज्यपाल ने 28 मार्च तक बहुमत सिद्ध करने का मौका दिया था सरकार ने एक दिन का भी इंतजार नहीं किया पहले उत्तराखंड के मुख्यमंत्री को बहुमत साबित करने मौका तो दिया होता, सरकार तो बाद में भी गिराई जा सकती थी।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि राज्यपाल ने राष्ट्रपति शासन लगाने की सिफारिश तक नहीं की। राज्यपाल ने सरकार को 28 तक बहुमत सिद्ध करने का मौका दिया था पर केंद्र सरकार को तो अपने ही चुने गए राज्यपाल पर भरोसा नहीं हुआ।
विज्ञापन
जवाहर लाल नेहरू विश्व विद्यालय प्रकरण को लेकर उन्होंने कहा कि भारत में रहने वाला चाहे कोई भी हो अगर वह देश के खिलाफ नारे लगाएगा तो उसे सहन नहीं किया जाएगा। पर वहां पर नारे कौन लगा रहा था उसे सरकार आज तक नहीं पकड़ पाई है जिसे पकड़ा उसके खिलाफ कोई सबूत नहीं है ऐसा अदालत ने भी कहा है। वहां पर मुंह पर कपड़ा बांधकर आने वाले कौन थे से पता लगाना सरकार का काम है सरकार के पास आईबी है, पुलिस है ये लोग कोई चंबल से तो आए नहीं थे।
उन्होंने कहा कि देश विरोधी नारे तो कश्मीर में लगाए जा रहे है जहां पर भाजपा पीडीपी के साथ सरकार बनाने जा जा रही है। पीडीपी के मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद ने मुख्यमंत्री बनते ही इसके लिए पाकिस्तान का आभार व्यक्त करना चाहिए था जबकि उन्हें शहीदों और प्रदेश की आम जनता का आभार व्यक्त करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि गदर मचाने वालों के दिमाग में ही गदर मचा हुआ है ये लोग समाज और देश को तोडना चाहते हैं। भारत माता की जय के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि यह कोई ईश्यू नहीं है, संविधान में ऐसा कही नहीं लिखा है कि ऐसा करना होगा। जब वे लोग जय हिंद बोलते है तो उनके पीछे क्यों पड़े हुए है।