पंजाब कैबिनेट विस्तार पर कांग्रेस आलाकमान की मुहर, 9 विधायक कल लेंगे मंत्री पद की शपथ
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंजाब मंत्रिमंडल के विस्तार का करीब एक साल से किया जा रहा इंतजार आखिर समाप्त हो गया। कैबिनेट में शामिल होने वाले नौ मंत्रियों के नाम शुक्रवार को सार्वजनिक कर दिए गए। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी और मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के बीच हुई बैठक में इन नामों को मंजूरी दी गई। मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार रवीन ठुकराल के अनुसार, नए मंत्री 21 अप्रैल को शाम 6 बजे पंजाब राजभवन में शपथ लेंगे। मंत्रियों के विभागों का एलान बाद में किया जाएगा।
जिन नौ विधायकों को पंजाब कैबिनेट में जगह मिली है, उनके नाम हैं सुखजिंदर सिंह रंधावा, सुखबिंदर (सुख) सिंह सरकारिया, विजय इंदर सिंगला, भारत भूषण आशू, श्याम सुंदर अरोड़ा, ओपी सोनी, राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी, गुरप्रीत सिंह कांगड़ और बलबीर सिंह सिद्धू।
इसके साथ ही पंजाब कैबिनेट में मौजूदा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) अरुणा चौधरी और रजिया सुलताना को कैबिनेट मंत्री का दर्जा दे दिया गया है। शनिवार को वे भी कैबिनेट मंत्री के रूप में नए सिरे से शपथ हासिल करेंगी। राज्य कैबिनेट में नौ मंत्रियों को शामिल किए जाने के साथ ही पंजाब सरकार ने राज्य विधानसभा के 15 फीसदी मंत्रिमंडल का आंकड़ा छू लिया है। अब तक मुख्यमंत्री की कैबिनेट में एक मंत्री के इस्तीफे के बाद सात मंत्री कार्यरत थे। विवादों के चलते बिजली मंत्री राणा गुरजीत सिंह को पद से इस्तीफा देना पड़ा था।
दो दिन हुई बैठक
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह वीरवार को दिल्ली में राहुल गांधी से मिले थे। करीब तीन घंटे तक चली बैठक में कैप्टन के साथ पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष सुनील जाखड़ और पंजाब मामलों की प्रभारी आशा कुमारी भी मौजूद रहीं। इस बैठक में कैप्टन ने मंत्री बनाए जाने वाले विधायकों की सूची राहुल गांधी को सौंपी, जिस पर बैठक में ही विचार-विमर्श हुआ। फिर शुक्रवार दोपहर करीब एक घंटे तक चली बैठक में नए मंत्रियों को तुरंत शपथ दिलाने का फैसला लेते हुए सभी के नामों का एलान कर दिया गया। बैठक में 29 अप्रैल को दिल्ली में होने वाली रैली को लेकर भी चर्चा हुई।
सभी को उनकी क्षमता, ताकत और वरिष्ठता देखकर चुना : कैप्टन
कप्तान अमरिंदर ने कहा कि उन्होंने नए मंत्रियों के बारे में अपनी सिफारिश पार्टी आलाकमान को वीरवार की बैठक में सौंप दी थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि कैबिनेट का विस्तार सरकार में गतिशीलता को बढ़ावा देगा, क्योंकि राज्य के लगभग 40 विभागों का वर्कलोड अब उनके सहित 18 सदस्यों के बीच विभाजित होगा।
उन्होंने कहा कि मंत्रियों को उनकी क्षमता, ताकत, वरिष्ठता के साथ-साथ उनके क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व को ध्यान में रखते हुए चुना गया है। सभी नए चुने गए विधायकों के लिए मंत्री के रूप में यह उनका पहला कार्यकाल होगा लेकिन ये सभी विधायक अनुभवी हैं।