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5 अंडरपास की राह में रोड़ा, रास्ते में आई स्ट्राम वाटर पाइपलाइन
विशाल पाठक/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Mon, 12 Jun 2017 09:15 AM IST
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अंडरपास
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चंडीगढ़ में प्रस्तावित पांच अंडरपास की राह में स्ट्राम वाटर पाइपलाइन रोड़ा बन गई है। इसलिए काम अधर में है। दक्षिण मार्ग पर सेक्टर-35/28, 19/18, उद्यान पथ पर सेक्टर-18/21 व सेक्टर-17/16 और 7/27 अंडरपास बनना है, लेकिन सीवर और स्ट्राम पाइपलाइन के कारण वी-5 सड़क के नीचे अंडरपास निकालने में अड़चन आ रही है।
निगम अपनी रिपोर्ट में इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट को अंडरपास बनाने के लिए मना कर चुका है। दरअसल, इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट के मुताबिक सड़क के नीचे 2.75 मीटर गहरे अंडरपास बनने हैं, लेकिन इन सड़कों के मात्र 2 मीटर नीचे ही सीवर और स्ट्राम वाटर पाइपलाइन है। निगम ने इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट को अंडरपास के लिए विकल्प तलाशने के लिए कहा या फिर अंडरपास के निर्माण में रोड़ा बन रहे सीवर और स्ट्राम वाटर पाइपलाइन को शिफ्ट करने के लिए कहा है।
डेढ़ साल पहले मिली थी अप्रूवल
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत लोगों की सुविधा और बढ़ते ट्रैफिक की समस्या को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने डेढ़ साल पहले इस प्रोजेक्ट को अप्रूवल दी थी। मास्टर प्लान में भी अंडरपास बनाने का जिक्र किया गया है। प्रशासन ने शहर के कुल 10 सेक्टरों के बीच कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए अंडरपास का प्रपोजल तैयार किया है।
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निगम अपनी रिपोर्ट में इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट को अंडरपास बनाने के लिए मना कर चुका है। दरअसल, इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट के मुताबिक सड़क के नीचे 2.75 मीटर गहरे अंडरपास बनने हैं, लेकिन इन सड़कों के मात्र 2 मीटर नीचे ही सीवर और स्ट्राम वाटर पाइपलाइन है। निगम ने इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट को अंडरपास के लिए विकल्प तलाशने के लिए कहा या फिर अंडरपास के निर्माण में रोड़ा बन रहे सीवर और स्ट्राम वाटर पाइपलाइन को शिफ्ट करने के लिए कहा है।
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डेढ़ साल पहले मिली थी अप्रूवल
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत लोगों की सुविधा और बढ़ते ट्रैफिक की समस्या को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने डेढ़ साल पहले इस प्रोजेक्ट को अप्रूवल दी थी। मास्टर प्लान में भी अंडरपास बनाने का जिक्र किया गया है। प्रशासन ने शहर के कुल 10 सेक्टरों के बीच कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए अंडरपास का प्रपोजल तैयार किया है।
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लाखों खर्च कर चुका इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट
underpass
इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट सेक्टर-17/16 अंडरपास के लिए दो बार ड्राइंग तैयार कर चुका है, लेकिन तकनीकी खामियों के चलते इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट को अंडरपास बनाने में देरी हो रही है। इस पर विभाग अब तक लाखों रुपये खर्च कर चुका है। अधिकारियों के मानें तो जिस जगह अंडरपास का निर्माण होना है, वहां सीवर और स्ट्राम वाटर पाइपलाइन के चलते अंडरपास नहीं बन सकते। नगर निगम द्वारा इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट को सौंपी गई रिपोर्ट में भी इन अंडरपास को तकनीकी बिंदुओं पर सही नहीं ठहराया है।
इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट करेगा साइट इंस्पेक्शन
निगम की रिपोर्ट पर इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट ने काम करना शुरू कर दिया है। इस हफ्ते चीफ इंजीनियर व उनके अधिकारी साइट इंस्पेक्शन करेंगे, ताकि अंडरपास प्रोजेक्ट में अड़चन बन रही सीवर व स्ट्राम वाटर पाइपलाइन के लिए कोई विकल्प तलाशा जा सके।