भाजपा मंत्री के बयान पर ये क्या बोले अकाली सांसद?
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सेहत मंत्री सुरजीत ज्याणी द्वारा सूबे में नशे के हालात पर चिंता व्यक्त करते हुए स्कूलों में 8वीं के दाखिले पर बच्चों के टेस्ट जरूरी किए जाने के बयान पर अकाली दल के महासचिव व सांसद प्रो. प्रेम सिंह चंदूमाजरा ने अफसोस जताया है।
चंदूमाजरा ने कहा है कि दाखिले के समय बच्चों के डोप टेस्ट की जरूरत नहीं है। सेहत मंत्री को छात्रों के डोप टेस्ट के बजाय उनके शिक्षा स्तर पर अपने विचार व्यक्त करने चाहिए।
सांसद प्रो. प्रेम सिंह चंदूमाजरा मंगलवार को मालेरकोटला दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने सरकारी विश्राम घर में संवाददाता सम्मेलन को भी संबोधित किया।
पंजाब में कहीं नहीं हैं नशे की फैक्ट्रियां
गौरतलब है कि सोमवार को चंडीगढ़ में सेहत विभाग के अधिकारियों की हुई बैठक में सुरजीत ज्याणी ने आठवीं के दाखिले के समय बच्चों के डोप टेस्ट का सुझाव दिया था।
उन्होंने विभाग की ओर से टेस्ट किटें भी जारी करने की बात कही थी, लेकिन अकाली दल के आला नेताओं को भाजपा के सेहत मंत्री का सुझाव हजम नहीं हो पा रहा है।
मालेरकोटला पहुंचते ही अकाली दल के महासचिव प्रेम सिंह चंदू्माजरा ने सेहत मंत्री के बयान पर टिप्पणी जारी कर दी और कहा कि केंद्र सरकार से जुड़ी बड़ी एजेंसियों ड्रग्स मुद्दे पर पंजाब का दौरा कर चुकी हैं। अब तक ऐसा कहीं दिखाई नहीं दिया कि पंजाब में नशे की फैक्ट्रियां चल रही हों।
भूमि अधिग्रहण बिल पर सशर्त सहमति
सांसद प्रो. प्रेम सिंह चंदूमाजरा ने पत्रकारों को बताया कि केंद्र सरकार की ओर से पारित भूमि अधिग्रहण बिल पर अकाली दल ने सशर्त सहमति दी है। वैसे तो अकाली दल की ओर से दिए गए सुझावों में से 90 फीसदी मोदी सरकार ने शामिल किए हैं, लेकिन भूमि अधिग्रहण पर किसानों की सहमति लेने के अकाली दल के सुझाव को स्वीकार नहीं किया गया है। इसलिए अकाली दल इस बिल को पंजाब में लागू करवाने से पहले सूबे में किसानों की सहमति को आवश्यक बनाएगा।